लखनऊ: जेपी सेंटर के बाहर जबरदस्त हंगामा हो रहा है। समाजवादी आंदोलन के नायक जेपी की जयंती पर अखिलेश आज जेपी सेंटर पहुंचे थे और सेंटर में एंट्री की अनुमति नहीं दी गई थी। इसके बाद अखिलेश बैरिकेडिंग फांदकर जेपी सेंटर में घुस गए। LDA ने निर्माण कार्य का हवाला देकर अखिलेश यादव को रोका था, लेकिन एसपी चीफ बस लेकर पहुंचे और जबरन जेपी सेंटर में घुस गए।
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जयप्रकाश नारायण की जंयती पर एलडीए ने जेपीएनआइसी गेट पर ताला लगा दिया। इसके अलावा लोहे की चादर की दीवार भी लगा दी गई है। एलडीए ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को जेपीएनआइसी में माल्यार्पण कार्यक्रम की अनुमति देने से मना कर दिया है। गेट पर तालाबंदी की सूचना पर सपा कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया। साढ़े 11 बजे अखिलेश यादव समर्थकों संग बस से जेपीएनआईसी पहुंचे और बैरिकेडिंग तोड़कर समर्थकों संग अंदर घुस गए। सरकार की उन्हें रोकने की सारी व्यवस्थाएं धरी रह गईं।
समाजवादी पार्टी ने किया ट्वीट
समाजवादी पार्टी ने इस बारे में ट्वीट कर कहा, 'भाजपा सरकार की तानाशाही के खिलाफ सामाजवादी लोग लड़ते रहेंगे। माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने JPNIC में लोकनायक जयप्रकाश नारायण जी की प्रतिमा पर किया माल्यार्पण।' मिली जानकारी के मुताबिक, अखिलेश यादव का जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर (जेपीएनआइसी) में जयप्रकाश नारायण की प्रतिमा पर माल्यार्पण करने का कार्यक्रम था। इसके लिए एलडीए उपाध्यक्ष डॉक्टर इंद्रमणि त्रिपाठी से अनुमति मांगी गई थी। इस बारे में एलडीए अपर सचिव ज्ञानेंद्र वर्मा का कहना है कि जेपीएनआइसी में सुरक्षा कारणों से पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को कार्यक्रम करने की अनुमति नहीं दी गई है। सफाई का काम चलने की वजह से ताला लगाया गया।
भाजपा ने साधा निशाना
भाजपा नेता और केशव प्रसाद मौर्य ने इस मामले में अखिलेश यादव को निशाने पर लिया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस देश में लोकतंत्र को खत्म करना चाहती है, उसने आपातकाल लगाया और लोकतंत्र की जड़ों को कमजोर करने की कोशिश की। अखिलेश यादव को बताना चाहिए कि वह कांग्रेस की गोद में क्यों बैठे हैं। अगर वह कांग्रेस की गोद में बैठे हैं तो उन्हें जयप्रकाश नारायण को श्रद्धांजलि देने का कोई अधिकार नहीं है, वे सत्ता के बिना बेचैन हैं।