उत्तर प्रदेश के वाराणसी में बीते बुधवार को नवापुरा से मोहम्मद तुफैल को यूपी एटीएस ने गिरफ्तार किया है। यूपी एटीएस द्वारा तुफैल को पाकिस्तान के लिए जासूस मामले में पकड़ा गया है। यूपी एटीएस के सूत्रों के मुताबिक, तुफैल के वॉट्सएप ग्रुप्स से जुड़े UP के पूर्वांचल के 500 से ज्यादा मोबाइल नंबर सर्विलांस के रडार पर हैं। एटीएस की जांच में सामने आया कि पाकिस्तान के वॉट्सएप ग्रुप्स से जुड़ने के बाद उसे वहां के लोगों ने फैसलाबाद की रहने वाली नफीसा से संपर्क करने को कहा। इसके बाद तुफैल नफीसा के जाल में फंसता चला गया।
नफीसा को साड़ी और सूट किया गिफ्ट
फेसबुक पर नफीसा से संपर्क में आने के बाद तुफैल उसे महत्वपूर्ण स्थानों की फोटो वगैरह भेजने के साथ ही उससे नियमित चैटिंग करता रहता था। तुफैल हनी ट्रैप का शिकार हो चुका था। नफीसा को उसने एक बार नेपाल के रास्ते और एक बार पंजाब के रास्ते उपहार भी भिजवाया था। जानकारी मिली है की उसने नफीसा को साड़ी और सूट गिफ्ट किया था।
सेंसेटिव फोटो और वीडियो भी नफीसा को भेजे
यूपी एटीएस पता लगा रही है कि तुफैल किन-किन शहरों की यात्रा नफीसा के कहने पर कर चुका है। उसने कहां-कहां की सेंसेटिव फोटो/वीडियो उसने सीमा पार नफीसा को भेजे थे। मुस्लिम युवाओं के साथ वह कहां सम्मेलन या सभा करता था।
तुफैल के घर पर आते थे जमात के लोग
तुफैल के पड़ोसियों ने इंडिया टीवी को बताया था की उसके यहां जमात के लोग आते थे। उनकी संख्या 200-250 के करीब होती थी। UP के कई शहरों और पंजाब के सरहिंद की यात्रा के बाद तुफैल ने करीब वॉट्सएप पर 20 ग्रुप बनाए थे।
वॉट्सएप ग्रुप्स पर शेयर करता था भड़काऊ वीडियो
इनमें वाराणसी के अलावा मऊ, आजमगढ़ और लखनऊ के मुस्लिम युवाओं को धार्मिक आधार पर भावनात्मक तरीके से जोड़ रखा था। इनमें पढ़े-लिखे मुस्लिम युवा भी शामिल हैं। इन वॉट्सएप ग्रुप्स में वह बाबरी विध्वंस की घटना को इस्लाम के लिए शर्मनाक बताते हुए मौलाना साद रिजवी के भड़काऊ वीडियो शेयर करता था।
इस तरह के मैसेज भी करता भी वॉट्सएप ग्रुप्स में
वह वॉट्सएप ग्रुप्स में यह भी मैसेज डालता रहता था कि शरिया को विधिक और राजनीतिक प्रक्रिया के माध्यम से इस्लामी मौलिक विधि के रूप में पाकिस्तान के साथ ही हिंदुस्तान में भी स्थापित किया जाना चाहिए। यह भी कहता था कि हिंदुस्तान में मौलाना साद रिजवी जैसे इस्लाम के जानकर मार्गदर्शकों की जरूरत है, जो मुस्लिम युवाओं को सही दिशा देकर उनका भविष्य संवार सकते हैं।
तुफैल के बैंक अकाउंट खंगाल रही UP ATS की टीम
यूपी एटीएस की टीम तुफैल के बैंक अकाउंट और उसके सभी संपर्क करने वाले पाकिस्तानी और हिंदुस्तानी लोगों की डिटेल बना रही है। यूपी एटीएस इन संदिग्ध नंबरों पर सर्विलांस बढ़ाया जा सके। साथ ही एटीएस की टीम तुफौल को मिलने वाली हर रकम की भी जानकारी जूटा रही है।
पाकिस्तानी उच्चायोग के अफसर का दलाल बना हारून
इसके अलावा, यूपी एटीएस के द्वारा दिल्ली से गिरफ्तार हारून पाकिस्तानी उच्चायोग के अफसर मुजम्मिल का दलाल बन गया था। मुजम्मिल के लिए हारून फर्जी नाम पता वाले बैंक खाता मुहैया कराता था। पाकिस्तान का वीजा लेने वालों से पैसे मुजम्मिल ऐसे ही बैंक खातों में ट्रांसफर करवाता था और फिर यह रकम हारून के जरिए मुजम्मिल दूसरे लोगों को पहुंचता था।
हारून ने 3 सालों में किसको पैसे भेजे? जांच में जुटी टीम
यूपी एटीएस को शक है कि मुजम्मिल जो पैसा हारून के जरिए जहां पहुंचाता था। वह आईएसआई एजेंट था। हारून के मोबाइल और उसके द्वारा खोले गए बैंक अकाउंट को भी खंगाला जा रहा है। हारून ने बीते 3 सालों में किसको और कैसे पैसे दिए एटीएस की टीम जांच में जुटी हुई है।