अंकारा: तुर्की के उत्तर-पश्चिम में इस्लामिक स्टेट (आईएसआईएस) के आतंकवादियों और पुलिस के बीच घातक मुठभेड़ हो गई। इस मुठभेड़ में तुर्की पुलिस ने 6 आतंकवादियों को मार गिराने का दावा किया है, जबकि उसके 3 जवान भी मारे गए हैं। तुर्की के गृह मंत्री ने कहा कि सोमवार को उत्तर-पश्चिम में इस्लामिक स्टेट के आतंकवादियों और पुलिस के बीच झड़प हुई, जिसमें तीन पुलिस अधिकारी और छह आतंकवादी मारे गए। इस घटना में कम से कम आठ अन्य पुलिस अधिकारी और एक नाइट गार्ड घायल हो गए।
छिपे आतंकवादियों की खोज में पुलिस ने चलाया था ऑपरेशन
यह गोलीबारी इस्तांबुल के दक्षिण में यालोवा प्रांत के एलमाली जिले में हुई, जब पुलिस ने उस घर पर छापा मारा...जहां आतंकवादी छिपे हुए थे। पड़ोसी बुरसा प्रांत से स्पेशल फोर्सेस को ऑपरेशन को मजबूत करने के लिए भेजा गया। गृह मंत्री अली येरलिकाया ने कहा कि यालोवा में ऑपरेशन देश भर के 15 प्रांतों में आईएस संदिग्धों के खिलाफ एक साथ सौ से अधिक छापों में से एक था। येरलिकाया ने कहा कि आतंकवादियों के ठिकाने वाले घर में महिलाएं और बच्चे होने के कारण यालोवा में ऑपरेशन "बड़ी सावधानी" से किया गया। उन्होंने कहा कि सभी पांच महिलाओं और छह बच्चों को घर से सुरक्षित निकाल लिया गया। मंत्री ने संवाददाताओं को बताया कि सभी आतंकवादी तुर्की नागरिक थे। उन्होंने बताया कि ऑपरेशन स्थानीय समयानुसार सुबह करीब 2 बजे शुरू हुआ और सुबह 9:40 बजे आधिकारिक रूप से पूरा हो गया।
इस बीच यालोवा चीफ पब्लिक प्रॉसिक्यूटर ऑफिस ने जांच शुरू कर दी है और पांच अभियोजकों को जांच का नेतृत्व सौंपा गया है। न्याय मंत्री यिलमाज टुंक ने एक्स सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कहा कि जांच के तहत पांच लोगों को हिरासत में लिया गया है, लेकिन संदिग्धों के बारे में और जानकारी नहीं दी। सड़कों पर मुठभेड़ शुरू होने से क्षेत्र में पांच स्कूलों को उस दिन के लिए बंद कर दिया गया। रिपोर्ट के अनुसार, सावधानी के तौर पर प्राकृतिक गैस और बिजली आपूर्ति भी काट दी गई थी, जबकि नागरिकों और वाहनों को इलाके में प्रवेश करने से रोका गया था। पिछले सप्ताह पुलिस ने दर्जनों एक साथ छापे मारकर चरमपंथी समूह के 115 आतंकवादियों को हिरासत में लिया था, जो कथित तौर पर क्रिसमस और नए साल के जश्न को निशाना बनाकर हमले की योजना बना रहे थे।
अधिकारियों ने कहा कि समूह ने जश्न के दौरान विशेष रूप से गैर-मुस्लिमों के खिलाफ कार्रवाई का आह्वान किया था। आईएस ने हाल के वर्षों में तुर्की में कई घातक हमले किए हैं, जिनमें 1 जनवरी 2017 को नए साल के जश्न के दौरान इस्तांबुल के एक नाइटक्लब में गोलीबारी शामिल है, जिसमें 39 लोग मारे गए थे।
यह भी पढ़ें
मेक्सिको में हुआ भीषण ट्रेन हादसा, पटरी से डिरेल हुई रेलगाड़ी; 13 लोगों की मौत और 98 घायल
संपादक की पसंद