वाशिंगटनः एपस्टीन फाइल का जिन्न लगातार बाहर आ रहा है, जिसने अमेरिका से लेकर दुनिया के कई अन्य देशों में भूचाल मचा दिया है। एपस्टीन फाइलों में रिडक्शन प्रयासों के बावजूद अनसेंसर नग्न तस्वीरें और पीड़ितों के नाम भरे पड़े हैं। इनमें पहली बार एक कुत्ते का नाम भी सामने आया है, जिसे रिडेक्टेड किया गया है। वहीं यौन शोषण की शिकार पीड़ितों के नाम और चेहरे स्पष्ट दिखाई दे रहे हैं। इतना ही नहीं, उनके बैंक खाते और सोशल सिक्योरिटी नंबर भी पूरी तरह दिखाई दे रहे।
ये सभी चीजें अमेरिकी न्याय विभाग द्वारा सार्वजनिक रूप से जारी दस्तावेजों के ढेर में दिखाई दे रही हैं, जो जेफरी एपस्टीन पर अपनी जांच फाइलों को खोलने के लिए एक कानून का पालन करने के प्रयास का हिस्सा है। यह कानून एपस्टीन की पीड़ितों के लिए महत्वपूर्ण गोपनीयता सुरक्षा को बनाए रखने के इरादे से बनाया गया था। मगर उसका पूरा पालन नहीं हो रहा। वहीं लगातार नये-नये खुलासों से जिस्म के बड़े भेड़िये भी बेनकाब होते जा रहे हैं।
एपस्टीन दस्तावेजों में पीड़ितों के नाम और चेहरे करने थे काले
जारी दस्तावेजों में पीड़िताओं के नाम काले करने थे। तस्वीरों में उनके चेहरे और शरीर को ब्लर करना था। मगर यह नहीं हुआ है। इससे लगता है कि इसे जारी करने में व्यापक स्तर पर गलतियां की गई हैं। एसोसिएटेड प्रेस और अन्य समाचार संगठनों की समीक्षा में असंख्य उदाहरण मिले हैं, जहां रिडक्शन लापरवाह, असंगत या बिल्कुल नहीं किए गए, जिससे संवेदनशील निजी जानकारी उजागर हो गई।

एपस्टीन को यौन मालिश देती दिखी नाबालिग
एक तस्वीर में फ्लोरिडा में एपस्टीन को यौनिक मालिश देने वाली नाबालिग लड़की की एक तस्वीर उसके कथित पीड़ितों के चार्ट में दिखाई दी। पुलिस रिपोर्टों में कई ऐसी पीड़िताओं के नाम हैं, जिनमें से कुछ ने कभी सार्वजनिक रूप से खुद को पहचाना नहीं था। मगर उनकी तस्वीरें भी बिना किसी रिडक्शन के जारी कर दी गईं। न्याय विभाग के ओवरसाइट्स को ठीक करने के प्रयासों के बावजूद, बुधवार शाम तक एक टॉपलेस महिला की तस्वीर साइट पर बनी रही, जिसमें उसका चेहरा पूरी तरह दिख रहा था। कुछ अभियोगकर्ताओं और उनके वकीलों ने इस सप्ताह न्याय विभाग से साइट को हटाने और आगे की गलतियों को रोकने के लिए एक स्वतंत्र मॉनिटर नियुक्त करने की मांग की। एक न्यायाधीश ने न्यूयॉर्क में इस मामले पर बुधवार को सुनवाई निर्धारित की थी, लेकिन पीड़िताओं के एक वकील ने मुद्दों को हल करने में प्रगति का हवाला देकर इसे रद्द कर दिया।
वकील ब्रिटनी हेंडरसन ने कहा कि वे कुछ महिलाओं को हुए "स्थायी और अपूर्णीय" क्षति को संबोधित करने के लिए "सभी संभावित उपायों" पर विचार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यहां विफलता केवल तकनीकी नहीं है, बल्कि यह उन मानवों की सुरक्षा करने में विफलता है, जिन्हें हमारी सरकार द्वारा सुरक्षा का वादा किया गया था।
पीड़िताओं ने बयां किया दर्द
एक पीड़िता एनी फार्मर ने कहा कि जब वह 16 साल की थीं, तब एपस्टीन और उनकी विश्वासपात्र घिस्लेन मैक्सवेल द्वारा उनका यौन उत्पीड़न किया गया। हालांकि उनका नाम पहले से सार्वजनिक था, लेकिन अन्य विवरण जो वे निजी रखना चाहती थीं, जैसे उनकी जन्म तिथि और फोन नंबर, वह सब भी अब दस्तावेजों में गलती से उजागर हो गया। इस बिंदु पर उन्होंने कहाकि मैं सबसे ज्यादा गुस्से में हूं कि यह कैसे हुआ। यह इतने लापरवाह तरीके से किया गया है, जहां लोगों को खतरे में डाल दिया गया है, यह वास्तव में भयानक है।"

ट्रंप प्रशासन ने एपस्टीन फाइलों के रिडक्शन प्रयासों का बचाव किया
न्याय विभाग ने समस्याओं के लिए तकनीकी या मानवीय त्रुटियों को जिम्मेदार ठहराया है और कहा है कि उसने कई समस्या वाली सामग्रियों को हटा दिया है और ठीक से रिडेक्टेड संस्करणों को दोबारा प्रकाशित करने पर काम कर रहा है। मिलियनों पेज के रिकॉर्ड की समीक्षा और ब्लैक आउट करने का काम संकुचित समय सीमा में किया गया। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 19 नवंबर को दस्तावेजों के खुलासे की आवश्यकता वाले कानून पर हस्ताक्षर किया था। उस कानून ने न्याय विभाग को फाइलें जारी करने के लिए सिर्फ 30 दिन दिये थे। यह समय सीमा निकल गई। क्योंकि उसने कहा कि गोपनीयता सुरक्षा का पालन करने के लिए अधिक समय चाहिए।
फाइलों में एक कुत्ते का भी नाम
फाइलों में जारी एक ईमेल में एक कुत्ते का नाम रिडेक्टेड लगता है, जिसमें लिखा है, "मैंने एक घंटा (रिडेक्टेड) को घुमाने में बिताया और फिर एक घंटा उसे नहलाने, ब्लो ड्राई करने और ब्रश करने में। मुझे उम्मीद है कि वह अब बेहतर महक रही होगी!!" न्याय विभाग ने कहा है कि फाइलों को जारी करने के लिए तैयार करने वाले स्टाफ को निर्देश दिए गए थे कि रिडक्शन केवल पीड़ितों और उनके परिवारों से संबंधित जानकारी तक सीमित रखें, हालांकि कई दस्तावेजों में वकीलों और सार्वजनिक हस्तियों सहित कई अन्य लोगों के नाम ब्लैक आउट किए गए थे।

तस्वीरें अनसेंसर होने से बवाल
अमेरिकी न्याय विभाग की ओर से जारी तस्वीरों में कई अनसेंसर्ड और न्यूड हैं। इससे बवाल मच गया है। न्याय विभाग ने कहा है कि वह किसी भी फोटो के हिस्से को ब्लैक आउट करने का इरादा रखता था, जिसमें नग्नता दिख रही हो और महिलाओं की कोई भी तस्वीर जो संभावित रूप से पीड़ित दिखा सकती हो। मगर एपी द्वारा पड़ताल की गई कुछ तस्वीरों में उन रिडक्शन ने महिलाओं के चेहरों को ब्लर तो जरूर किया, लेकिन उनकी काफी नंगी शरीर को खुला छोड़ दिया जिससे महिलाओं को शर्मिंदगी हो सकती है। तस्वीरों में पहचान योग्य महिलाएं कपड़ों की दुकान के ड्रेसिंग रूम में आउटफिट ट्राई करती हुई या स्विमसूट में आराम करती दिख रही हैं। एक युवा महिला की 100 से अधिक तस्वीरों का सेट जारी किया गया। हालांकि एक तस्वीर में इसका पूरा चेहरा दिख रहा था। इसके अलावा लगभग सभी ब्लैक आउट तस्वीरें थीं।
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