अलबामा: अमेरिका के पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जॉन बोल्टन के दफ्तर से फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (FBI) ने कई ऐसे दस्तावेज जब्त किए हैं, जिन पर 'क्लासिफाइड', 'कॉन्फिडेंशियल' और 'सीक्रेट' की मोहर लगी थी। यह कार्रवाई एक जांच के तहत की गई, जिसमें यह देखा जा रहा है कि क्या बोल्टन ने रक्षा से जुड़े रिकॉर्ड्स का गलत इस्तेमाल किया। मंगलवार को सार्वजनिक किए गए कोर्ट दस्तावेजों के मुताबिक, अगस्त के आखिर में हुई इस तलाशी में FBI ने बोल्टन के फोन और कंप्यूटर इक्विपमेंट्स भी जब्त किए।
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क्या है जब्त किए गए दस्तावेजों में?
जब्त किए गए दस्तावेजों में कुछ कागजात सामूहिक विनाश के हथियारों, राष्ट्रीय 'रणनीतिक संचार' और संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी मिशन से जुड़े बताए गए हैं। हालांकि, यह साफ नहीं है कि ये दस्तावेज कब के हैं या इनमें क्या जानकारी थी। कोर्ट के दस्तावेज़ों में कई पन्ने पूरी तरह या आंशिक रूप से सेंसर किए गए हैं, जिससे यह जानना मुश्किल है कि इनमें क्या खास था। बोल्टन के वकील एबे लोवेल ने बुधवार को एक बयान में कहा कि इन दस्तावेजों से कोई गलत काम साबित नहीं होता। उन्होंने बताया कि कई दस्तावेज़ दशकों पुराने हैं, जो बोल्टन के स्टेट डिपार्टमेंट, असिस्टेंट अटॉर्नी जनरल और संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी राजदूत के तौर पर लंबे करियर से जुड़े हैं।

'बोल्टन ने कुछ भी गलत नहीं किया'
लोवेल ने कहा, 'एक निष्पक्ष और पूरी जांच से साफ हो जाएगा कि बोल्टन ने कोई गलत दस्तावेज न तो रखा और न ही उनका गलत इस्तेमाल किया।' जॉन बोल्टन ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के पहले कार्यकाल में 17 महीने तक राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार के तौर पर काम किया था। इस दौरान ईरान, अफगानिस्तान और उत्तर कोरिया जैसे मुद्दों पर उनकी और ट्रंप की राय में ठन गई थी, जिसके बाद 2019 में उन्हें हटा दिया गया। इसके बाद बोल्टन ने 2020 में अपनी किताब 'द रूम व्हेयर इट हैपन्ड' में ट्रंप की विदेश नीति और सरकार चलाने के तरीके की आलोचना की थी।
ट्रंप के निशाने पर हैं कई विरोधी
कोर्ट के दस्तावेजों के मुताबिक, नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के एक अधिकारी ने उस किताब के ड्राफ्ट की समीक्षा की थी और बोल्टन को बताया था कि इसमें 'काफी मात्रा में' गोपनीय जानकारी थी, जिसमें कुछ टॉप-सीक्रेट स्तर की थी। हालांकि, बोल्टन के वकील का कहना है कि अगस्त में जब्त किए गए कई दस्तावेजों को उनकी किताब के लिए प्री-पब्लिकेशन समीक्षा में मंजूरी दी गई थी। यह कार्रवाई ट्रंप के उन कई राजनीतिक विरोधियों को निशाना बनाने की कड़ी में देखी जा रही है, जिनके खिलाफ हाल में जांच शुरू की गई है। न्यूयॉर्क की अटॉर्नी जनरल लेटिशिया जेम्स, कैलिफोर्निया के सीनेटर एडम शिफ और पूर्व FBI निदेशक जेम्स बी. कोमी के खिलाफ भी आपराधिक जांच चल रही है।