1. Hindi News
  2. बिहार
  3. मुजफ्फरपुर आईसीयू अग्निकांड के बाद एक्शन में प्रशासन, 13 प्राइवेट नर्सिंग होल सील

मुजफ्फरपुर आईसीयू अग्निकांड के बाद एक्शन में प्रशासन, 13 प्राइवेट नर्सिंग होल सील

 Edited By: Amar Deep @amardeepmau
 Published : Jun 06, 2026 10:58 pm IST,  Updated : Jun 06, 2026 10:58 pm IST

मुजफ्फरपुर के एक अस्पताल में आग लगने की घटना के बाद प्रशासन एक्शन मोड में है। घटना के बाद नियमों का उल्लंघन करने वाले 13 प्राइवेट नर्सिंग होम और चिकित्सा संस्थानों को सील कर दिया गया है।

हास्पिटल में आग लगने के बाद प्रशासन ने की कार्रवाई।- India TV Hindi
हास्पिटल में आग लगने के बाद प्रशासन ने की कार्रवाई। Image Source : REPORTER INPUT/FILE

मुजफ्फरपुर: बिहार के मुजफ्फरपुर में एक निजी अस्पताल के आईसीयू में आग लगने से सात मरीजों की मौत हो गई थी। घटना के बाद प्रशासन ने नियमों का उल्लंघन करने के आरोप में 13 प्राइवेट नर्सिंग होम को सील कर दिया गया है। अधिकारियों ने बताया कि जिले में 13 प्राइवेट नर्सिंग होम और स्वास्थ्य संस्थानों को निर्धारित स्वास्थ्य और लाइसेंसिंग नियमों का उल्लंघन करने के आरोप में सील कर दिया है। 13 प्राइवेट चिकित्सा संस्थानों के खिलाफ यह कार्रवाई एक विशेष निरीक्षण अभियान के दौरान की गई।

कुल 13 चिकित्सा संस्थान सील

जानकारी देते हुए उप-मंडल अधिकारी (पूर्वी) तुषार कुमार ने बताया, "सूचना मिली थी कि कई अस्पताल, विशेष रूप से श्री कृष्ण मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (SKMCH) के पास स्थित अस्पताल, सरकार द्वारा निर्धारित सुरक्षा मानकों के अनुसार संचालित नहीं हो रहे हैं। इसके आधार पर हमने शुक्रवार को एक निजी अस्पताल और आज 12 अस्पतालों को सील किया।" उन्होंने आगे बताया कि ऐसे अस्पतालों के निरीक्षण के लिए एक मजिस्ट्रेट, पुलिस अधिकारियों और अग्निशमन सेवाओं और सिविल सर्जन कार्यालय के प्रतिनिधियों वाली तीन टीमें गठित की गई हैं। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन निरीक्षण प्रक्रिया जारी रखेगा और यह सुनिश्चित करेगा कि मुजफ्फरपुर में कोई भी अस्पताल स्थापित सुरक्षा मानदंडों का उल्लंघन करते हुए संचालित न हो। 

मानकों और नियमों का करना होगा पालन

वहीं मुजफ्फरपुर के सिविल सर्जन अजय कुमार ने कहा, “स्वास्थ्य संस्थानों को निर्धारित मानकों और नियमों का सख्ती से पालन करना होगा। मरीजों के जीवन और स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।” जिला जनसंपर्क अधिकारी प्रमोद कुमार द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, निरीक्षण के दौरान कई संस्थान अनिवार्य सरकारी मानदंडों, लाइसेंसिंग आवश्यकताओं और क्लिनिकल प्रतिष्ठानों से संबंधित प्रावधानों का अनुपालन नहीं कर रहे थे। उन्होंने आगे बताया कि कुछ संस्थान आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने में विफल रहे, जबकि अन्य में स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन में अनियमितताएं पाई गईं।

आईसीयू में आग लगने से 7 मरीजों की हुई थी मौत

इससे पहले, उस प्राइवेट अस्पताल का रजिस्ट्रेशन भी निलंबित कर दिया गया था, जहां आग लगने की घटना में आईसीयू के सात मरीजों की मौत हो गई थी। अधिकारियों ने बताया कि सिविल सर्जन ने अस्पताल प्रबंधन को इस संबंध में सात दिनों के भीतर आवश्यक रिकॉर्ड और सबूतों के साथ तथ्यात्मक स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। मुजफ्फरपुर एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने शुक्रवार को बताया कि आग लगने की घटना के संबंध में अस्पताल के तीन कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है।

यह भी पढ़ें-

कचरा फेंकना बना मौत की वजह, VIDEO वायरल होने और FIR के बाद युवक ने किया सुसाइड

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। बिहार से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।