बिहार की राजधानी पटना में सोमवार को लोगों ने हिंसक प्रदर्शन किया। वहीं अब इस प्रदर्शन को लेकर पुलिस ने चौंकाने वाली बात कही है। पटना हिंसा पर एसएसपी ने खुलासा करते हुए कहा कि पटना में साजिश के तहत हंगामा कराया गया था। हंगामा और आगजनी करने के लिए 2 लाख रुपये भी दिए गए थे। इसके साथ ही एसएसपी ने कहा कि पटना में हंगामा करने के लिए आठ लोगों को अलग-अलग जगहों से बुलाया गया था।
सोमवार को हुआ था हंगामा
बता दें कि पटना के इंद्रपुरी इलाके में खड़ी एक कार में दो बच्चे संदिग्ध अवस्था में मृत पाए गए थे। इसी घटना के विरोध में लोगों ने सोमवार को हिंसक प्रदर्शन किया। पटना में भीड़ के हमले में पांच पुलिसकर्मी घायल हो गए। एक अधिकारी ने बताया कि दो बच्चों की हत्या के मामले में दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर सोमवार शाम को भीड़ ने हंगामा किया। इस दौरान एक महिला कांस्टेबल सहित कम से कम पांच पुलिसकर्मी घायल हो गए।
क्या है पूरा मामला?
सामने आई जानकारी के मुताबिक, पटना के इंद्रपुरी में 15 अगस्त को दो बच्चों की मौत कार में हुई थी। पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र के इंद्रपुरी रोड नंबर 12 में एक कार के अंदर से दोनों बच्चों की डेड बॉडी बरामद की गई थी। गाड़ी काफी दिनों से वहां खड़ी थी। घटना के बाद पटना पुलिस को इसकी सूचना दी गई थी।
पुलिस ने घटना के बारे में क्या बताया था?
पुलिस ने घटना के बारे में जानकारी दी थी कि दो बच्चों का शव गाड़ी की बीच वाली सीट पर मिला है। इनकी उम्र 5 से 10 साल के बीच है। बच्चे ट्यूशन पढ़ने गए थे। वापस नहीं लौटे। खोजबीन के दौरान गाड़ी में बॉडी मिली। दोनों बच्चों का शव मिलने के बाद से ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया है।
परिजनों ने जताई हत्या की आशंका
मृत बच्चों के पिता का आरोप लगाया था कि दोनों बच्चे शुक्रवार को एक शिक्षिका के घर पढ़ने गए थे। जब काफी देर तक बच्चे घर नहीं आए तो शिक्षिका से फोन पर पूछताछ की गई। शिक्षिका ने बताया कि बच्चे घर जा चुके हैं। इसके बाद परिजनों को अनहोनी की आशंका होने के बाद पटना पुलिस को इसकी सूचना दी गई। परिजनों को शिक्षिका पर शक है कि उसने मार दिया है।