नई दिल्ली: दिल्ली में बगैर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट और कलर स्टीकर के चल रहीं गाड़ियों के चालान पर बीजेपी ने केजरीवाल सरकार पर निशाना साधा है। बीजेपी ने कहा है कि हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट की डोर स्टेप डिलीवरी की जिम्मेदारी दिल्ली सरकार की है। बीजेपी सांसद मनोज तिवारी ने मुख्यमंत्री केजरीवाल को संबोधित करते हुए कहा, "जब वन टाइम रोड टैक्स नयी गाड़ी की रजिस्ट्रेशन पर आप ले चुके हो तो ये डोर स्टेप डिलीवरी के तहत हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट भेजने की आप की जि़म्मेदारी है। नंबर प्लेट को घर भेजें और कैश ऑन डिलीवरी लें। अपनी जनता को चालान के जरिए आखिर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल तंग करना क्यों चाहते हैं?"
बीजेपी सांसद ने कहा कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल डोर स्टेप डिलीवरी की बात करते हैं। तो दिल्लीवासियों की गाड़ी की नम्बर प्लेट कोरोना काल में बदलने के लिए आप 5500 का चालान क्यों काट रहे हो? जोंक की तरह क्यों जनता को चूसा जा रहा है। दिल्ली वालों को आखिर किस बात का दंड मिल रहा? मनोज तिवारी के मुताबिक, चालान से पहले गाड़ी मालिकों को एसएमएस से सूचना जानी चाहिए थी।
ये भी पढ़े: शाह महमूद कुरैशी का UAE में दावा, भारत पाकिस्तान पर फिर करने वाला है सर्जिकल स्ट्राइक
बता दें कि दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को पहले ही दिन बिना हाई सिक्टोरिटी नंबर प्लेट वाली 239 गाड़ियों के चालान काटे। दिल्ली पुलिस ने शुरुआत में इस काम के लिए 9 टीमों का गठन किया है और आने वाले दिनों में 50 अतीरिक्त टीमों का गठन किया जाएगा। एक अनुमान के मुताबिक दिल्ली में लगभग 30 लाख गाड़ियां ऐसी हैं जिनमें हाई सिक्टोरिटी नंबर प्लेट नहीं लगी है और इनमें लगभग 12 लाख कारें हैं। दिल्ली में एक दिन के अंदर अधिकतम 20 हजार हाई सिक्टोरिटी नंबर प्लेट जारी किए जा सकते हैं।
ये भी पढ़े: कनाडाई पत्रकार की चेतावनी, खालिस्तान है पाकिस्तान का पोजेक्ट, भारत हीं नहीं कनाडा के लिए भी खतरा
बता दें कि, हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट (HSRP) एक क्रोमियम बेस्ड होलोग्राम है। इस पर वाहन के इंजन और चेसिस नंबर होते हैं। इसे वाहन सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखकर बनाया गया है। हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट एल्युमीनियम की बनी होती है। इस प्लेट पर एक होलोग्राम लगा होता है। इस पर अशोक चक्र बना हुआ होता है। इस होलोग्राम पर स्टीकर होता है जिस पर गाड़ी का इंजन और चेसिस नंबर छपा होता है। इस होलोग्राम को नष्ट नहीं किया जा सकता। हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट पर वाहन मालिक का रजिस्ट्रेशन नंबर भी होता है। हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट पर 7 अंकों का एक यूनीक लेजर कोड होता है जो हर नंबर प्लेट पर अलग-अलग होता है। इससे वाहन को आसानी से ट्रैक किया जा सकता है।
इतना लगेगा चार्ज
चारपहिया वाहन के लिए रजिस्ट्रेशन फीस 600 रुपए से लेकर 1100 रुपए तक है, जबकि अगर आप दोपहिया वाहन के लिए रजिस्ट्रेशन कराते हैं तो आपको 300-400 रुपए तक खर्च करने पड़ सकते हैं। यदि किसी व्यक्ति को हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट के लिए आवेदन करता है तो ये भी देखना होगा उसके वाहन का कोई चालान तो लंबित ना हो। वाहन का रजिस्ट्रेशन निलंबित और निरस्त तो नहीं किया गया है।
संपादक की पसंद