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Poonjar Assembly Election 2026: पूंजर की हॉट सीट पर त्रिकोणीय मुकाबला, किसके सिर सजेगा ताज?

 Edited By: Malaika Imam @MalaikaImam1
 Published : Mar 27, 2026 02:12 pm IST,  Updated : Mar 27, 2026 02:12 pm IST

Poonjar Assembly Election 2026: केरल की सबसे चर्चित और हाई-प्रोफाइल सीटों में से एक पूंजर विधानसभा क्षेत्र है। इस बार यहां तीन कद्दावर चेहरों के बीच सीधी टक्कर देखने को मिल रही है।

पूंजर विधानसभा चुनाव 2026- India TV Hindi
पूंजर विधानसभा चुनाव 2026 Image Source : INDIA TV

Poonjar Assembly Election 2026: केरल के सभी 140  विधानसभा क्षेत्रों में से एक पूंजर विधानसभा सीट है। ये सीट राज्य की सबसे चर्चित और हाई-प्रोफाइल सीटों में से एक है। यह सीट कोट्टायम जिले में आती है और यहां का चुनावी इतिहास काफी दिलचस्प रहा है। पूंजर सीट पर एक बार फिर त्रिकोणीय और कांटे की टक्कर देखने को मिल रही है।

तीन कद्दावर चेहरों के बीच मुकाबला?

इस बार पूंजर सीट पर तीन कद्दावर चेहरों के बीच सीधी टक्कर देखने को मिल रही है। सत्ताधारी LDF (वामपंथी गठबंधन) ने अपने वर्तमान विधायक सेबेस्टियन कुलथुंकल पर भरोसा जताया है। वे केरल कांग्रेस (M) यानी KCM  के टिकट पर चुनाव लड़ रहे हैं और अपने पिछले पांच वर्षों के विकास कार्यों और रबर किसानों के लिए किए गए प्रयासों के आधार पर दोबारा जीत की उम्मीद कर रहे हैं। उनके सामने UDF (कांग्रेस गठबंधन) ने सेबेस्टियन एम.जे. (जिन्हें एडवोकेट साजी जोसेफ के नाम से भी जाना जाता है) को मैदान में उतारा है। इस मुकाबले को सबसे ज्यादा चर्चा में लाने वाले उम्मीदवार पी.सी. जॉर्ज हैं, जो इस बार NDA (भाजपा गठबंधन) के आधिकारिक उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ रहे हैं। 2021 में निर्दलीय चुनाव हारने के बाद, पी.सी. जॉर्ज अब भाजपा के कमल निशान पर अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।

पूंजर सीट का इतिहास

केरल के कोट्टायम जिले में स्थित पूंजर विधानसभा क्षेत्र 1957 में राज्य के गठन के साथ ही अस्तित्व में आया था। तब से लेकर अब तक यहां 16 बार विधानसभा चुनाव (उपचुनावों सहित) हो चुके हैं। शुरुआती दशकों में यहां कांग्रेस और केरल कांग्रेस का दबदबा रहा, लेकिन 1980 के बाद यह सीट पी.सी. जॉर्ज की पहचान बन गई। उन्होंने अलग-अलग समय पर विभिन्न गठबंधनों के साथ और स्वतंत्र रूप से यहां का प्रतिनिधित्व किया।

2016 का चुनाव इस सीट के इतिहास में सबसे यादगार रहा, जब पी.सी. जॉर्ज ने बिना किसी बड़े राजनीतिक दल के समर्थन के एक निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में लगभग 27 हजार से ज्यादा वोटों के अंतर से जीत हासिल की थी। हालांकि, 2021 के चुनावों में वामपंथी लोकतांत्रिक मोर्चे (LDF) ने इस किले को ढहा दिया और केरल कांग्रेस (M) के उम्मीदवार ने यहां जीत दर्ज की।

पूंजर का चुनावी समीकरण

पूंजर के चुनाव में धार्मिक और आर्थिक मुद्दे हमेशा हावी रहते हैं। यह क्षेत्र रबर की खेती के लिए जाना जाता है, इसलिए रबर की गिरती कीमतें और किसानों की बदहाली यहां का सबसे बड़ा चुनावी मुद्दा है। सामाजिक रूप से यहां ईसाई समुदाय की आबादी निर्णायक भूमिका में है, साथ ही मुस्लिम और हिंदू मतदाताओं का भी अच्छा प्रभाव है। 

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