धनबाद: नाबालिग के साथ दुष्कर्म करने और उसे लेकर भागने के मामले में 22 साल की सजा काट रहे एक कैदी ने आत्महत्या का प्रयास किया। कैदी की पहचान जितेंद्र रवानी के तौर पर हुई है। इस घटना को अंजाम देने से पहले कैदी जितेंद्र ने अपनी हथेली पर आई लव यू बाबू और एक संदेश भी लिखा। घटना के बाद जेल प्रशासन ने जितेंद्र को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया जहां उसकी स्थिति गंभीर बनी हुई है। इधर, अस्पताल में जितेंद्र के परिजन भी पहुंचे हुए हैं।
धनबाद मंडल कारा में सामने आई इस घटना ने सभी को चौंका दिया है। जितेंद्र ने अपने हाथ पर लिखे सुसाइड नोट में अपनी प्रेमिका को इसके लिए जिम्मेदार ठहराया है।

2 साल पहले नाबालिग को लेकर हुआ था फरार
जितेंद्र मूल रूप से गोधर रवानी बस्ती का रहने वाला है। 2 साल पहले वह एक नाबालिग लड़की को लेकर फरार हो गया था। इस मामले को लेकर लड़की के परिवारवालों ने जितेंद्र के खिलाफ थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस ने काफी दिनों बाद दोनों का पकड़ लिया था। उस वक्त लड़की 4 महीने की गर्भवती थी। इसके बाद युवक को जेल भेज दिया गया। पूरे मामले की सुनवाई होने के बाद युवक को कोर्ट ने सजा सुनाई जिसके बाद जितेंद्र एक साल से जेल में है।
सुसाइड नोट में प्रेमिका और ससुर को जिम्मेदार ठहराया
जितेंद्र के परिजनों ने बताया कि रविवार की देर रात उन्हें जेल से फोन आया कि उनका बेटा अस्पताल में भर्ती है। जब परिजन पहुंचे तो जानकारी मिली कि उसने जेल के अंदर आत्महत्या का प्रयास किया। पिता ने कहा कि बेटे ने सुसाइड नोट में अपनी प्रेमिका और ससुर को जिम्मेदार ठहराया है। साथ ही उसने अपनी प्रेमिका के प्रति प्यार का इजहार भी किया है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
(रिपोर्ट- कुंदन सिंह)