आंवले को सेहत और बालों के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है। इसमें विटामिन C और एंटीऑक्सिडेंट्स भरपूर मात्रा में होते हैं, जो शरीर को ऑक्सिडेटिव स्ट्रेस से बचाने में मदद करते हैं। हालांकि एक सवाल जो लाखों के मन में रहता है वो है क्या रोज आंवला खाने से सफेद हो चुके बाल दोबारा काले हो सकते हैं? बड़े बुजुर्ग कहते हैं कि आंवला खाने से बाल काले हो जाते हैं। लेकिन क्या सच में ऐसा होता है। इस बारे में डॉ. स्वाति मोहन, निदेशक, डर्मेटोलॉजिस्ट, फोर्टिस, फरीदाबाद बता रही है क्या आंवला बालों को काला बना सकता है या नहीं।
बाल सफेद क्यों होते हैं?
डॉक्टर के अनुसार, बालों का रंग मेलानिन नामक पिगमेंट से निर्धारित होता है, जिसका निर्माण बालों के रोम में मौजूद मेलानोसाइट सेल्स करती हैं। उम्र बढ़ने के साथ इन सेल्स की गतिविधि कम होने लगती है, जिससे बाल सफेद या भूरे होने लगते हैं। इसके अलावा धूम्रपान, कुछ पोषक तत्वों की कमी और थायरॉइड से जुड़ी समस्याएं भी समय से पहले बाल सफेद होने का कारण बन सकती हैं।
आंवला खाने से बालों को क्या फायदा होता है?
आंवला विटामिन C और अन्य एंटीऑक्सिडेंट्स का अच्छा सोर्स है। यह संतुलित आहार का हिस्सा बनकर ओवरऑल हेल्थ को बेहतर बनाए रखने में मदद कर सकता है। हालांकि, आंवले में मौजूद पोषक तत्वों और बालों के नेचुरल रंग को दोबारा बहाल करने के बीच सीधा संबंध अभी वैज्ञानिक रूप से स्थापित नहीं हुआ है। इसलिए रोज आंवला खाने को सफेद बाल काले करने का निश्चित उपाय मानना सही नहीं है।
क्या सफेद बालों को दोबारा काला किया जा सकता है?
यदि बालों का सफेद होना विटामिन B12 की कमी या थायरॉइड जैसी किसी समस्या से जुड़ा है, तो उस कारण का इलाज करने से कुछ मामलों में बालों के रंग में सुधार हो सकता है। हालांकि, उम्र या जेनेटिकल कारण सफेद हुए बालों का नेचुरल रंग वापस आना मुश्किल होता है। यदि कम उम्र में तेजी से बाल सफेद हो रहे हैं, तो डर्मेटोलॉजिस्ट से राय लेनी चाहिए। डॉक्टर जरूरत के अनुसार जांच की सलाह दे सकते हैं और कारण के आधार पर उपचार शुरू कर सकते हैं। संतुलित आहार, पर्याप्त नींद और धूम्रपान से दूरी बालों के हेल्दी रखने में मदद कर सकती है।