1. You Are At:
  2. Hindi News
  3. पैसा
  4. ऑटो
  5. Renault Kwid ऑटोमैटिक की टेस्‍ट ड्राइव, जानिए उम्‍मीदों पर कितनी खरी उतरी ये कार

Renault Kwid ऑटोमैटिक की टेस्‍ट ड्राइव, जानिए उम्‍मीदों पर कितनी खरी उतरी ये कार

ऑटोमैटिक के ट्रेंड को भुनाने के लिए Renault भी अब Kwid को ऑटोमैटिक अवतार में लेकर आई है। हम लेकर आए हैं पहली ड्राइव, तो जानते हैं इसके बारे में...

Sachin Chaturvedi Sachin Chaturvedi @sachinbakul
Updated on: November 24, 2016 7:46 IST
On-road Test : Renault Kwid ऑटोमैटिक की टेस्‍ट ड्राइव, जानिए उम्‍मीदों पर कितनी खरी उतरी ये कार- India TV Hindi News
On-road Test : Renault Kwid ऑटोमैटिक की टेस्‍ट ड्राइव, जानिए उम्‍मीदों पर कितनी खरी उतरी ये कार

नई दिल्‍ली। हैचबैक सेगमेंट के ग्राहक जो पहले ऑटोमैटिक वर्जन लेने से हिचकिचाते थे अब इन में काफी दिलचस्पी ले रहे हैं। दरअसल छोटी ऑटोमैटिक कारें टेंशन भरी सिटी ड्राइविंग को आसान बना देती हैं। ऑटोमैटिक के ट्रेंड को भुनाने के लिए Renault भी अब Kwid को ऑटोमैटिक अवतार में लेकर आई है।

इंडिया टीवी पैसा की टीम cardekho.com के साथ लाई है क्विड ऑटोमैटिक की पहली ड्राइव, तो बढ़ते हैं आगे और जानते हैं इसके बारे में… 

ऑटोमैटिक Renault Kwid की प्रोफाइल

Kwid में ऑटोमैटिक का विकल्प 1.0 लीटर इंजन वाले टॉप वेरिएंट RXT (ओ) में ही मिलेगा। इस में पारंपरिक गियर लीवर के बजाए रोटरी नॉब ट्रांसमिशन दिया गया है।

तस्‍वीरों में देखिए कैसी है नई क्विड

kwid automatic

5 (97)IndiaTV Paisa

4 (103)IndiaTV Paisa

2 (103)IndiaTV Paisa

1 (111)IndiaTV Paisa

3 (103)IndiaTV Paisa

इंजन और परफॉर्मेंस

Kwid के पावरफुल वर्जन यानी क्विड 1.0 की पावर 68 पीएस और टॉर्क 91 एनएम का है। यह इंजन वैसे तो स्मूद है लेकिन  अवाज़ थोड़ी सी ज्यादा है। ऑटोमैटिक Kwid में लगे ईज़ी R-MT गियरबॉक्स को रेनो ने खुद तैयार किया है। यह ऑटोमेटेड मैनुअल गियरबॉक्स जल्दी रिस्पॉन्स करता है और तेज़ी से जरूरत के मुताबिक गियर शिफ्ट कर देता है। रोटरी डायल या नॉब की मदद से कार को, ड्राइव, रिवर्स या न्यूट्रल मोड में लाया जा सकता है। दूसरी कारों की तरह इस में मैनुअल मोड नहीं मिलेगा। इस में हिल असिस्ट की सुविधा भी नहीं है। यह फीचर ऐसे में मददगार होता है जब ढलान वाली सड़क पर कार को ऊपर की तरफ ले जाना हो। कुल मिलकार कहें तो गियरबॉक्स और इंजन का प्रदर्शन अच्छा है।

आमतौर पर एएमटी कारों में गियरशिफ्टिंग रिस्पॉन्स थोड़ा सा धीमा होता है। हालांकि रेनो का एएमटी गियरबॉक्स इस मामले में काफी बेहतर है। यह सही वक्त पर कार को सही गियर में रखता है, इस वजह से कार का प्रदर्शन कमज़ोर नहीं पड़ता। हाइवे ड्राइविंग के लिए भी क्विड ऑटोमैटिक ठीक रहेगी, क्योंकि इसका 1.0 लीटर का इंजन अच्छी पावर देता है।

डिजायन

ऑटोमैटिक क्विड के डिजायन में कोई बदलाव नहीं हुआ है। इस में पीछे की तरफ टेलगेट पर ‘ईजी-आर’ बैजिंग दी गई है। देखने में यह पहले जैसी है।

केबिन

केबिन लगभग पहले जैसा ही है। बदलाव सिर्फ गियर लीवर में हुआ है। पारंपरिक गियर स्टिक की जगह आपको स्टोरेज़ स्पेस मिलेगा और गियर शिफ्टिंग के लिए रोटरी नॉब को डैशबोर्ड पर रखा गया है। ऑटोमैटिक क्विड में टचस्क्रीन इंफोटेंमेंट के साथ ब्लूटूथ और नेविगेशन की सुविधा भी मिलेगी। सुरक्षा के लिए इसमें ड्राइवर साइड एयरबैग, फ्रंट पावर विंडो और पूरी तरह से डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर दिया गया है।स्टोरेज स्पेस और केबिन स्पेस पहले जितना ही है। साइज में छोटी होने के बावजूद भी इस में बूट स्पेस अच्छा दिया गया है।

निष्कर्ष

Renault Kwid को अफॉर्डेबल सिटी कार के तौर पर पेश किया गया था और इसका ऑटोमैटिक अवतार इस मकसद को और आगे ले जाने वाला साबित होगा। इसके साथ ही इस में पहले से ज्यादा माइलेज भी मिलेगा। कंपनी का दावा है कि ऑटोमैटिक क्विड 24.04 किलोमीटर प्रति लीटर का माइलेज देगी। कीमत के बारे में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। संभावना है कि यह मैनुअल वर्जन की तुलना में 20 से 30 हजार रूपए महंगी होगी। कम कीमत, अच्छे फीचर, डिजायन और ऑटोमैटिक की सुविधा के लिहाज से देखें तो पहली कार खरीद वाले ग्राहकों के लिए यह वैल्यू फॉर मनी प्रोडक्ट है।

Soruce; cardekho.com

Latest Business News

Write a comment
navratri-2022