1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. Big Relief: मसूर दाल पर आयात शुल्‍क हुआ शून्‍य, एग्री इंफ्रा डेवलपमेंट सेस भी घटाकर किया 10 प्रतिशत

Big Relief: मसूर दाल पर आयात शुल्‍क हुआ शून्‍य, एग्री इंफ्रा डेवलपमेंट सेस भी घटाकर किया 10 प्रतिशत

 Edited By: India TV Paisa Desk
 Published : Jul 26, 2021 01:44 pm IST,  Updated : Jul 26, 2021 01:44 pm IST

इस साल मसूर दाल की खुदरा कीमत में 30 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हो चुकी है। अभी मसूर दाल 100 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से बिक रही है, जबकि 1 अप्रैल को इसका खुदरा दाम 70 रुपये प्रति किलो था।

 Big Relief Import duty on masur dal cut to zero,  agri infra development cess halved - India TV Hindi
 Big Relief Import duty on masur dal cut to zero,  agri infra development cess halved Image Source : PTI

नई दिल्‍ली। केंद्र सरकार ने सोमवार को मसूर दाल पर आयात शुल्‍क घटाकर शून्‍य कर दिया है। घरेलू आपूर्ति को बढ़ावा देने और बढ़ती कीमतों पर अंकुश के लिए केंद्र सरकार ने मसूर दाल पर एग्रीकल्‍चर इंफ्रास्‍ट्रक्‍चर डेवलपमेंट सेस को भी आधा घटाकर 10 प्रतिशत कर दिया है। वित्‍त मंत्री निर्मला सीतारमण ने राज्‍य सभा में इस संबंध में एक अधिसूचना को प्रस्‍तुत किया।

मंत्री ने कहा कि अमेरिका को छोड़कर अन्‍य देशों में उत्‍पादित और आयात कर लाई गई मसूर दाल पर बेसिक कस्‍टम ड्यूटी को 10 प्रतिशत से घटाकर शून्‍य कर दिया गया है। उन्‍होंने कहा कि अमेरिका में उत्‍पादित और वहां से आयातित मसूर दाल पर बेसिक कस्‍टम ड्यूटी को 30 प्रतिशत से घटाकर 20 प्रतिशत कर दिया गया है।

वित्‍त मंत्री ने कहा कि मसूर दाल पर एग्रीकल्‍चर इंफ्रास्‍ट्रक्‍चर डेवलपमेंट सेस को भी वर्तमान  दर 20 प्रतिशत से घटाकर 10 प्रतिशत कर दिया गया है। उपभोक्‍ता मामलों के मंत्रालय द्वारा एकत्रित आंकड़ों के मुताबिक इस साल मसूर दाल की खुदरा कीमत में 30 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हो चुकी है। अभी मसूर दाल 100 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से बिक रही है, जबकि 1 अप्रैल को इसका खुदरा दाम 70 रुपये प्रति किलो था।  

इंडिया ग्रेंस एंड पल्‍सेस एसोसिएशन के वाइस प्रेसिडेंट बिमल कोठारी ने इस माह की शुरुआत में कहा था कि भारत को हर साल 2.5 करोड़ टन दालों की आवश्‍यकता होती है। लेकिन इस साल हमें कमी का सामना करना होगा।

केंद्र सरकार ने देश में एग्रीकल्‍चर इंफ्रास्‍ट्रक्‍चर को बढ़ावा देने के लिए चालू वित्‍त वर्ष में पेट्रोल, डीजल, सोना और कुछ आयातित कृषि उत्‍पादों सहित कुछ वस्‍तुओं पर एग्रीकल्‍चर इंफ्रास्‍ट्रक्‍चर एंड डेवलपमेंट सेस लगाने का प्रस्‍ताव किया है।

यह भी पढ़ें: Good News: चिकन डीजल 36 रुपये प्रति लीटर, देता है 38 किलोमीटर से ज्‍यादा का माइलेज

यह भी पढ़ें:  रसोई गैस ग्राहकों के लिये बड़ी छूट

यह भी पढ़ें: Maruti Suzuki ने Nexa शोरूम से बेच डाली 14 लाख से ज्‍यादा कारें

यह भी पढ़ें:  भारत ने फ्रांस, ब्रिटेन, कनाडा, नॉर्वे, फिनलैंड को छोड़ा पीछे

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा