1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. India-US Trade Deal: किसानों, मछुआरों के लिए खुलेगा 30,000 अरब डॉलर का बाजार, MSME के भी चमकेंगे दिन

India-US Trade Deal: किसानों, मछुआरों के लिए खुलेगा 30,000 अरब डॉलर का बाजार, MSME के भी चमकेंगे दिन

 Edited By: Sunil Chaurasia
 Published : Feb 07, 2026 08:31 am IST,  Updated : Feb 07, 2026 08:31 am IST

इस रूपरेखा के तहत, अमेरिका भारतीय वस्तुओं पर जवाबी शुल्क घटाकर 18 प्रतिशत कर देगा। इससे अमेरिका में वस्त्र, चमड़ा, जूते, प्लास्टिक एवं रबड़ उत्पाद, जैविक रसायन, हस्तशिल्प उत्पाद और चुनिंदा मशीनरी जैसे प्रमुख क्षेत्रों में काफी अवसर प्राप्त होंगे।

India-US Trade Deal, India-US Trade Agreement, tariff, us tariff, us tariff on india- India TV Hindi
वस्त्र, परिधान, चमड़ा, जूते, प्लास्टिक और रबड़ उत्पादों के लिए खुलेगें मौके Image Source : PTI

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने शनिवार को कहा कि भारत और अमेरिका के बीच अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा पर सहमति से भारतीय निर्यातकों, विशेष रूप से सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यमों (MSME), किसानों और मछुआरों के लिए 30,000 अरब डॉलर का बाजार खुलेगा। उन्होंने कहा कि इसके साथ ही निर्यात में बढ़ोतरी होने से महिलाओं और युवाओं के लिए लाखों नए रोजगार के मौके भी बनेंगे। अमेरिका और भारत ने शनिवार को एक संयुक्त बयान जारी कर अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा पर सहमति बनने की घोषणा की। इसके तहत, अमेरिका भारत पर जवाबी टैरिफ घटाकर 18 प्रतिशत कर देगा। वहीं भारत, अमेरिका के सभी औद्योगिक सामानों और खाद्य एवं कृषि उत्पादों की एक विस्तृत श्रृंखला पर टैरिफ खत्म करेगा या कम करेगा। 

वस्त्र, परिधान, चमड़ा, जूते, प्लास्टिक और रबड़ उत्पादों के लिए खुलेगें मौके

पीयूष गोयल ने सोशल मीडिया पर लिखा, ''प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के निर्णायक नेतृत्व में भारत ने अमेरिका के साथ एक अंतरिम समझौते के लिए रूपरेखा तैयार कर ली है। इससे भारतीय निर्यातकों, विशेषकर सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यमों (एमएसएमई), किसानों और मछुआरों के लिए 30,000 अरब डॉलर का बाजार खुल जाएगा। निर्यात में वृद्धि से हमारी महिलाओं और युवाओं के लिए लाखों नए रोजगार के अवसर सृजित होंगे।'' उन्होंने कहा कि इस रूपरेखा के तहत, अमेरिका भारतीय वस्तुओं पर जवाबी शुल्क घटाकर 18 प्रतिशत कर देगा। इससे दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था (अमेरिका) में वस्त्र एवं परिधान, चमड़ा एवं जूते, प्लास्टिक एवं रबड़ उत्पाद, जैविक रसायन, घरों में सजावट के सामान, हस्तशिल्प उत्पाद और चुनिंदा मशीनरी जैसे प्रमुख क्षेत्रों में काफी अवसर प्राप्त होंगे। 

जेनेरिक दवाइयों, रत्न, हीरे पर हो जाएगा जीरो टैरिफ

इसके अलावा, जेनेरिक दवाइयां, रत्न एवं हीरा तथा विमान के कलपुर्जे सहित कई प्रकार की वस्तुओं पर जीरो टैरिफ हो जाएगा, जिससे भारत की निर्यात प्रतिस्पर्धी क्षमता और 'मेक इन इंडिया' को और बढ़ावा मिलेगा। गोयल ने कहा, ''भारत को विमान के कलपुर्जों पर धारा 232 के तहत छूट, वाहन कलपुर्जों पर शुल्क दर कोटा से लाभ भी मिलेगा, जिससे इन क्षेत्रों में निर्यात में मजबूत वृद्धि होगी। साथ ही, ये समझौता किसानों के हितों की रक्षा करने और ग्रामीण आजीविका को बनाए रखने के लिए भारत की प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जिसमें मक्का, गेहूं, चावल, सोया, मुर्गी पालन, दूध, पनीर, एथनॉल (ईंधन), तंबाकू, कुछ सब्जियां, मांस आदि जैसे संवेदनशील कृषि और दुग्ध उत्पादों को पूर्ण रूप से संरक्षित किया गया है। ये समझौता भारत और अमेरिका को आर्थिक सहयोग को और मजबूत करने के लिए मिलकर काम करने पर ध्यान केंद्रित करने में मदद करेगा, जो हमारे लोगों और कंपनियों के लिए सतत विकास के प्रति साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है।'' 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा