शेयर बाजार के जानकारों और निवेशकों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो के ऑपरेटर इंटरग्लोब एविएशन को BSE के 30 शेयरों वाले प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स में शामिल किया जाएगा। यह बदलाव 22 दिसंबर, 2025 से लागू होगा। वहीं, इस बदलाव के साथ ही टाटा ग्रुप की प्रमुख कंपनी टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स लिमिटेड को सेंसेक्स से बाहर किया जाएगा। बीएसई इंडेक्स सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड ने शनिवार को यह घोषणा की, जो इंडेक्स के पुनर्गठन का हिस्सा है और 22 दिसंबर सोमवार को बाजार खुलने के साथ प्रभावी होगा।
इंडिगो की एंट्री
इस परिवर्तन के अनुसार, इंटरग्लोब एविएशन के शामिल होने से निवेशकों की नजर इस एयरलाइन पर केंद्रित रहेगी। इंडिगो की लगातार बढ़ती मार्केट कैप और एयरलाइन उद्योग में मजबूत स्थिति को देखते हुए इसे सेंसेक्स में जगह मिल रही है। दूसरी ओर, टाटा ग्रुप की टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स लिमिटेड इंडेक्स से बाहर होगी, जिससे शेयर बाजार में इसके शेयरों पर भी निवेशकों की प्रतिक्रिया देखने को मिल सकती है।
BSE 100 और सेंसेक्स 50 बदलाव
सिर्फ सेंसेक्स ही नहीं, बल्कि BSE 100 और सेंसेक्स 50 में भी बड़े बदलाव किए गए हैं। बीएसई 100 में आईडीएफसी फर्स्ट बैंक लिमिटेड को शामिल किया गया है, जो अडानी ग्रीन एनर्जी लिमिटेड की जगह लेगा। इसी तरह, सेंसेक्स 50 में मैक्स हेल्थकेयर इंस्टीट्यूट लिमिटेड को शामिल किया गया है और इंडसइंड बैंक लिमिटेड को बाहर किया गया है। सेंसेक्स नेक्स्ट 50 में भी बदलाव हुए हैं, जहां इंडसइंड बैंक और आईडीएफसी फर्स्ट बैंक को शामिल किया गया है, जबकि मैक्स हेल्थकेयर इंस्टीट्यूट लिमिटेड और अडानी ग्रीन एनर्जी को इंडेक्स से हटाया गया है।
विश्लेषकों की राय
विश्लेषकों का कहना है कि यह इंडेक्स रीकॉन्स्टिट्यूशन निवेशकों के लिए नए अवसर और चुनौतियां लेकर आएगा। इंडिगो की एंट्री से न सिर्फ एयरलाइन सेक्टर की कंपनियों पर नजर बढ़ेगी, बल्कि टाटा मोटर्स के निवेशकों को भी रणनीति बदलने की जरूरत पड़ सकती है। बाजार विशेषज्ञों का अनुमान है कि इस बदलाव से सेंसेक्स की चाल पर थोड़ी हलचल देखने को मिल सकती है, और शेयरों के वॉलेट पर इसका प्रभाव तुरंत महसूस किया जाएगा।
निवेशक तैयारी जरूरी
निवेशक इस दौरान अपने पोर्टफोलियो की समीक्षा कर सकते हैं और इंडेक्स में शामिल नए और हटाए गए शेयरों पर नजर रख सकते हैं। इंडिगो के शामिल होने के साथ ही एयरलाइन इंडस्ट्री का फोकस बढ़ेगा और सेंसेक्स में नए निवेशकों की दिलचस्पी भी देखने को मिल सकती है। 22 दिसंबर से बाजार खुलते ही यह बदलाव प्रभावी होगा और शेयर बाजार की दुनिया में मची हलचल को निवेशक करीब से देख पाएंगे।



































