Budget 2026: वित्त मंत्री ने योजना के पहले स्तंभ के रूप में 'राष्ट्रीय फाइबर योजना' की घोषणा की है। वहीं, पारंपरिक कपड़ा समूहों को आधुनिक बनाने के लिए सरकार पूंजीगत सहायता प्रदान करेगी।
बजट प्रिंटिंग की अंतिम और सबसे गोपनीय चरण की शुरुआत पारंपरिक ‘हलवा’ समारोह से होती है। यह समारोह अगले सप्ताह (जनवरी 2026 के अंतिम सप्ताह में) होने की संभावना है।
बदलावों में आधार-पैन लिंकिंग से लेकर आयकर रिटर्न फाइलिंग और बीएसई इंडेक्स में फेरबदल जैसे अहम फैसले शामिल हैं। एनपीएस से यूपीएस में स्विच करने का ऑप्शन 1 दिसंबर से खत्म हो गया है।
नया एकीकृत पोर्टल इन सभी प्लेटफॉर्म की जानकारी को जोड़कर नागरिकों को एक ही जगह पर सुविधा, पारदर्शिता और भरोसा प्रदान करेगा। इस पोर्टल का समन्वय RBI करेगा।
दशहरे के इस शुभ अवसर पर इन गलत फाइनेंशियल आदतों को छोड़कर आप अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत बना सकते हैं और खुशहाल जीवन की ओर बढ़ सकते हैं। सही वित्तीय प्रबंधन से समृद्धि और शांति दोनों संभव हैं।
वित्त मंत्री ने जीएसटी सुधारों की जरूरत और इससे होने वाले फायदे को राज्यों के प्रतिनिधियों के सामने रखा। केंद्र सरकार जीएसटी दरों को मौजूदा 5%, 12%, 18% और 28% की चार कैटेगरी से घटाकर मुख्य रूप से 5% और 18% की दो कैटेगरी में लाने की योजना बना रही है।
8वें वेतन आयोग को लेकर कर्मचारियों की उम्मीदें अभी भी बनी हुई हैं। अगर सब कुछ तय समय पर हुआ, तो कर्मचारियों को 2026 से संशोधित वेतन और एरियर दोनों मिल सकते हैं।
वित्त मंत्री ने स्पष्ट किया है कि UPS केवल केंद्र सरकार के NPS कवर कर्मचारियों के लिए पेश की गई है। साथ ही सरकार ने यूपीएस में आवेदन की अंतिम तारीख को तीन महीने बढ़ाकर 30 सितंबर 2025 कर दिया है।
वित्त मंत्री सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों से उत्पादक क्षेत्रों को अपना लोन बढ़ाने का आग्रह कर सकती हैं ताकि आर्थिक विकास को बढ़ावा दिया जा सके। सरकारी योजनाओं की प्रगति पर चर्चा की जा सकती है।
एकीकृत पेंशन योजना यानी यूपीएस उन केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों पर लागू होता है जो एनपीएस के तहत आते हैं और जो 1 जनवरी, 2004 को लागू हुए एनपीएस के तहत इस विकल्प को चुनते हैं।
सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों का संचयी लाभ मार्च 2025 को खत्म हुए वित्त वर्ष में 1.78 लाख करोड़ रुपये के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया, जो पिछले वर्ष के मुकाबले 26 प्रतिशत की ग्रोथ दिखाता है।
मारुति सुजुकी मौजूदा ग्राहकों के लिए अपनी मध्यम आकार की एसयूवी ग्रैंड विटारा में अपग्रेड करने के लिए एक फाइनेंस स्कीम शुरू करने की योजना बना रही है।
ब्लूक्राफ्ट डिजिटल फाउंडेशन की एक रिपोर्ट के मुताबिक, डीबीटी से पहले के दौर (2009-2013) में, सब्सिडी कुल व्यय का औसतन 16 प्रतिशत थी, जो सालाना 2.1 लाख करोड़ रुपये थी, जिसमें सिस्टम में काफी रिसाव था।
यह पहली बार है जब केंद्र सरकार ने पूर्वोत्तर से अनुसूचित जनजाति (एसटी) के सदस्यों को वित्त मंत्रालय का सचिव नियुक्त किया है।
क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक अधिनियम, 1976 की धारा 23ए(1) के तहत दी गई शक्तियों के मुताबिक, ये क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक सार्वजनिक हित में और इन संस्थाओं द्वारा सेवा प्रदान किए जाने वाले क्षेत्र के विकास के हित में एक यूनिट में विलय हो जाएंगे।
12 सरकारी बैंकों ने वित्त वर्ष के नौ महीनों में 1,29,426 करोड़ रुपये का अब तक का सबसे ज्यादा कुल शुद्ध लाभ और 2,20,243 करोड़ रुपये का कुल परिचालन लाभ हासिल किया।
यह पोर्टल 28 भारतीय राज्यों के वृहद और राजकोषीय परिदृश्य की जानकारी भी उपलब्ध कराएगा, जो जनसांख्यिकी, आर्थिक संरचना, सामाजिक-आर्थिक और राजकोषीय संकेतकों पर आधारित होगी।
अभी हाल ही में तुहिन कांत पांडेय को भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) का चेयरमैन नियुक्त किए जाने के बाद से ही वित्त सचिव का पद खाली हो गया था। स्थापित परंपरा के मुताबिक, केंद्रीय वित्त मंत्रालय के अलग-अलग विभागों में तैनात सचिवों में से सबसे सीनियर सचिव को ही वित्त सचिव के पद पर नियुक्त किया जाता है।
वित्त सचिव के रूप में, तुहिन कांत पांडेय की भूमिका नीतिगत मामलों पर वित्त मंत्री को सलाह देने और मिनिस्ट्री के ऑपरेशन को मैनेज करने में महत्वपूर्ण थी। उन्होंने संसद की लोक लेखा समिति के सामने मंत्रालय का प्रतिनिधित्व किया और भारत की राजकोषीय और आर्थिक रणनीतियों को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
चालू वित्त वर्ष की अप्रैल-दिसंबर अवधि में 12 सरकारी बैंकों ने 1.29 लाख करोड़ रुपये का अब तक का सबसे ज्यादा नेट प्रॉफिट दर्ज किया है। संसद में केंद्रीय बजट 2025-26 पेश किए जाने के बाद यह पहली मीटिंग होगी।
लेटेस्ट न्यूज़