1. Hindi News
  2. राजस्थान
  3. Rajasthan: उधारी नहीं दे पाया तो दलित मजदूर को जंजीरों से बांधकर दी यातनाएं, हफ्तेभर बाद भी गिरफ्तारी नहीं

Rajasthan: उधारी नहीं दे पाया तो दलित मजदूर को जंजीरों से बांधकर दी यातनाएं, हफ्तेभर बाद भी गिरफ्तारी नहीं

 Published : May 29, 2022 05:41 pm IST,  Updated : May 29, 2022 05:41 pm IST

राजस्थान के बूंदी जिले में रुपयों के विवाद में 35 वर्षीय दलित मजदूर का कथित तौर पर अपहरण कर बंधक बनाने का मामला सामने आए एक सप्ताह हो चुका है। लेकिन अब तक आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।

Rajasthan Dalit laborer tied with chains and tortured- India TV Hindi
Rajasthan Dalit laborer tied with chains and tortured Image Source : ANI

Highlights

  • रुपयों के विवाद में दलित मजदूर का अपहरण
  • मामला सामने आए हो चुका है एक सप्ताह
  • एक सप्ताह के बाद भी नहीं हुआ कोई एक्शन

Rajasthan: बूंदी जिले में रुपयों के विवाद में 35 वर्षीय दलित मजदूर का कथित तौर पर अपहरण कर बंधक बनाने का मामला सामने आए एक सप्ताह हो चुका है। लेकिन अब तक आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। बता दें कि पिछले हफ्ते एक मजदूर को उधारी न दे पाने के कारण अपहरण कर मवेशियों के स्थान पर जंजीर से बांधकर रखने और यातना देने की घटना समाने आई थी।  

कार्रवाई को लेकर क्या बोली पुलिस?

इस मामले में एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने रविवार को बताया कि आरोपियों को पकड़ने के लिए दो टीमें बनाई गई हैं। पीड़ित राधेश्याम मेघवाल ने 24 मई को शिकायत दर्ज कराई थी कि परमजीत सिंह और पांच अन्य लोग 22 मई को उसका अपहरण कर अल्फा नगर लेकर गए थे। शिकायत के मुताबिक राधेश्याम को मवेशियों को रखने के स्थान पर जंजीर से बांधकर करीब 31 घंटे तक यातना दी गई और छोटे भाई के आने पर ही वह मुक्त हो सका। पुलिस ने बताया कि इस घटना के पीछे रुपयों का विवाद है। 

पीड़ित पर कितनी है उधारी?

पीड़ित राधेश्याम मेघवाल जिले के तालेरा पुलिस थानांतर्गत बिलुबा गांव का निवासी है और परमजीत सिंह ने उसे तीन साल पहले अपने फार्म हाउस में काम करने के लिए रखा था और कथित तौर पर 70 हजार रुपये का अग्रिम भुगतान किया था। इसके बाद मेघवाल ने बहन की शादी के लिए 30 हजार रुपये का कर्ज लिया। मेघवाल का दावा है कि उसने 50 हजार रुपये वापस कर दिए हैं और सिंह के फार्म हाउस पर 10 दिन बिना किसी पगार के काम किया तथा बाकी रुपये नहीं लौटा सका। हालांकि, सिंह ने बाद में दावा किया कि मेघवाल पर उसके 1,10,000 रुपये बकाया हैं और उसने रुपयों की वापसी के लिए दबाव डाला था। 

मवेशीयों के स्थान पर जंजीर से बांधा

पुलिस से की गई शिकायत के मुताबिक रुपये वापस लेने के लिए सिंह ने अपने भाई और अन्य चार लोगों के साथ मेघवाल का अपहरण कर लिया। तहरीर के मुताबिक सिंह ने मेघवाल को मवेशी रखने वाले स्थान पर जंजीर से बांध दिया और उसे यातना दी। यहां तक खाना-पानी भी नहीं दिया। शिकायत के अनुसार मेघवाल के भाई द्वारा कुछ राशि का भुगतान सिंह को किए जाने के बाद उसे छोड़ा गया। पुलिस उपाधीक्षक शंकर लाल ने कहा कि मजदूर की शिकायत के आधार पर सिंह और पांच अन्य लोगों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता और अनुसूचित जाति/ अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निषेध) अधिनियम के संबंधित प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने कहा कि आरोपियों को पकड़ने का प्रयास किया जा रहा है। 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। राजस्थान से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।