Wednesday, December 10, 2025
Advertisement
  1. Hindi News
  2. विदेश
  3. अमेरिका
  4. US में AI 'सुपर इंटेलिजेंस' के विकास पर बैन की मांग से हड़कंप, प्रिंस हैरी और मेघन जैसी हस्तियों ने बताया बड़ा खतरा

US में AI 'सुपर इंटेलिजेंस' के विकास पर बैन की मांग से हड़कंप, प्रिंस हैरी और मेघन जैसी हस्तियों ने बताया बड़ा खतरा

अमेरिका में एआई सुपर इंटेलिजेंस के विकास पर मांग से हड़कंप मच गया है। सुपर इंटेलिजेंस पर काम कर रही कई कंपनियों के दुनिया की तमाम महान हस्तियों ने पत्र लिखकर इस पर बैन का समर्थन करके खलबली मचा दी है।

Edited By: Dharmendra Kumar Mishra @dharmendramedia
Published : Oct 22, 2025 06:29 pm IST, Updated : Oct 22, 2025 06:29 pm IST
AI सुपर इंटेलीजेंस (प्रतीकात्मक फोटो)- India TV Hindi
Image Source : AP AI सुपर इंटेलीजेंस (प्रतीकात्मक फोटो)

वाशिंगटन: अमेरिका में अचानक एआई सुपर इंटेलिजेंस के विकास पर बैन लगाने की मांग उठने से हड़कंप मच गया है। ब्रिटिश शाही दंपति प्रिंस हैरी और मेघन ने मानवता के लिए खतरा माने जा रहे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की "सुपर इंटेलिजेंस" क्षमता के विकास पर प्रतिबंध लगाने की मांग का समर्थन किया है। इस मुद्दे पर दुनियाभर की जानी-मानी हस्तियों,कंप्यूटर वैज्ञानिकों, अर्थशास्त्रियों, कलाकारों, धार्मिक नेताओं और राजनीतिक विचारकों ने एकजुट होकर एक खुला पत्र जारी किया है।

पत्र ने मचाई दुनिया में खलबली

इस पत्र में गूगल, ओपनएआई और मेटा जैसी प्रमुख टेक कंपनियों को सीधे तौर पर संबोधित किया गया है, जो ऐसी एआई प्रणाली विकसित करने की दौड़ में हैं जो कई क्षेत्रों में मानव क्षमताओं को पार कर सकती हैं। पत्र में मांग की गई है कि जब तक वैज्ञानिक समुदाय इस बात पर व्यापक रूप से सहमत नहीं होता कि इस तकनीक का विकास सुरक्षित और नियंत्रण योग्य है और उसे सार्वजनिक समर्थन प्राप्त है तब तक इस पर रोक लगाई जाए। प्रिंस हैरी ने पत्र के साथ एक निजी टिप्पणी में कहा, “एआई का भविष्य मानवता की सेवा में होना चाहिए, न कि उसकी जगह लेने के लिए। प्रगति की असली परीक्षा यह नहीं कि हम कितनी तेज़ी से बढ़ते हैं, बल्कि यह कि हम कितनी समझदारी से आगे बढ़ते हैं।” उनकी पत्नी मेघन, डचेस ऑफ ससेक्स, ने भी इस पत्र पर हस्ताक्षर किए हैं।

इन बड़ी हस्तियों ने भी किया पत्र पर हस्ताक्षर

पत्र पर हस्ताक्षर करने वालों में प्रमुख एआई विशेषज्ञ जैसे प्रोफेसर स्टुअर्ट रसेल (कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय, बर्कले), ट्यूरिंग पुरस्कार विजेता योशुआ बेंगियो और जेफ्री हिंटन शामिल हैं। हिंटन को हाल ही में भौतिकी में नोबेल पुरस्कार भी मिल चुका है। अन्य हस्ताक्षरकर्ताओं में एप्पल के सह-संस्थापक स्टीव वोज्नियाक, ब्रिटिश अरबपति रिचर्ड ब्रैनसन, अमेरिका के पूर्व ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ माइक मुलेन, डेमोक्रेटिक विदेश नीति विशेषज्ञ सुज़ैन राइस, आयरलैंड की पूर्व राष्ट्रपति मैरी रॉबिन्सन, अभिनेता स्टीफन फ्राई और जोसेफ गॉर्डन-लेविट, और संगीतकार विल.आई.एम शामिल हैं। यह पत्र गैर-लाभकारी संस्था ‘फ्यूचर ऑफ लाइफ इंस्टीट्यूट’ द्वारा जारी किया गया है और इससे वैश्विक स्तर पर एआई 'सुपर इंटेलिजेंस' की सुरक्षा, संभावनाओं और जोखिमों को लेकर नई बहस शुरू होने की उम्मीद है। (एपी)

Latest World News

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV पर हिंदी में ब्रेकिंग न्यूज़ Hindi News देश-विदेश की ताजा खबर, लाइव न्यूज अपडेट और स्‍पेशल स्‍टोरी पढ़ें और अपने आप को रखें अप-टू-डेट। US News in Hindi के लिए क्लिक करें विदेश सेक्‍शन

Advertisement
Advertisement
Advertisement