रोहतास जिले के शिवसागर थाना क्षेत्र अंतर्गत जिगना गांव में विद्युत बोर्ड के कनिष्ठ अभियंता (JEE) के साथ मारपीट के बाद पूरे गांव की बिजली आपूर्ति काट दी गई, जिससे ग्रामीणों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। बताया जा रहा है कि शनिवार की अलसुबह से ही गांव में बिजली आपूर्ति पूरी तरह बंद कर दी गई। बिजली कटने के कारण सरकार की महत्वाकांक्षी नल-जल योजना भी ठप हो गई, जिससे ग्रामीण पीने के पानी के लिए भी तरस रहे हैं। शाम होते ही पूरा गांव अंधेरे में डूब जाता है, जिससे बच्चों की पढ़ाई और दैनिक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं।
पिछले दो दिनों से गांव में बिजली पूरी तरह ठप है। नल-जल योजना से पानी भी नहीं मिल रहा है, जिससे ग्रामीणों को पानी के लिए दूर-दूर भटकना पड़ रहा है। शाम ढलते ही अंधेरा होने के कारण भोजन पकाने, मोबाइल चार्ज करने और अन्य आवश्यक कार्यों में भारी दिक्कतें हो रही हैं। ग्रामीणों का कहना है कि गांव के एक व्यक्ति के साथ JE की मारपीट हुई थी, लेकिन उसकी सजा पूरे गांव को देना उचित नहीं है। बिजली विभाग द्वारा पूरे गांव की आपूर्ति काटना अनुचित और तानाशाहीपूर्ण कदम बताया जा रहा है।
विद्युत बोर्ड के अधिकारियों ने कहा कि कुछ ग्रामीणों ने जेई के साथ मारपीट की और चोरी से बिजली जलाने की भी शिकायतें मिली हैं। हालांकि, पूरे गांव की बिजली काटने को लेकर अधिकारियों ने स्पष्ट जानकारी देने से इनकार किया है। अधिकारियों ने कहा कि यदि कोई लाइन काटी गई है, तो उसे जल्द ही जोड़ा जाएगा। वहीं, अनुमंडलीय पदाधिकारी डॉ. नेहा कुमारी ने बताया कि जेई के साथ मारपीट के मामले में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। पूरे गांव की बिजली काटना गलत है। यदि लाइन काटी गई है, तो विद्युत बोर्ड के इंजीनियरों से बात कर जल्द बिजली आपूर्ति बहाल कराई जाएगी।
गांव के सामाजिक कार्यकर्ता मनोज सिंह ने बताया कि गांव के लगभग सभी लोगों के पास वैध बिजली कनेक्शन है। जिस व्यक्ति के साथ मारपीट हुई है, उसके खिलाफ विद्युत बोर्ड द्वारा एफआईआर दर्ज कराई जा चुकी है। इसके बावजूद पूरे गांव की बिजली काट देना अविवेकपूर्ण और समझ से परे है। उन्होंने कहा कि सरकार का स्पष्ट निर्देश है कि आम जनता को अनावश्यक रूप से परेशान नहीं किया जाए।
घटना शुक्रवार की देर शाम की है। कुछ असामाजिक तत्वों ने बिजली विभाग के JE सहित दो कर्मियों पर जानलेवा हमला कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया। इस हमले में JE विजय शंकर को सिर और आंख में गंभीर चोटें आई हैं, जबकि जितेंद्र एवं दो अन्य लाइनमैन भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायल कनिष्ठ अभियंता विजय शंकर ने बताया कि वे जिगना गांव में एक आटा चक्की मिल का औचक निरीक्षण करने गए थे, तभी कुछ ग्रामीणों ने विरोध करते हुए लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस हमले में विजय शंकर और जितेंद्र गंभीर रूप से घायल हुए, जबकि दो लाइनमैन मामूली रूप से घायल हुए।
हमले में घायल सभी विद्युत विभाग के कर्मियों का इलाज सदर अस्पताल, सासाराम में चल रहा है। चिकित्सकों के अनुसार सभी घायल खतरे से बाहर हैं। सभी का बेहतर इलाज किया जा रहा है और जल्द ही उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी जाएगी। (रिपोर्ट: रंजन सिंह)
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