नीट की परीक्षा पास करने के बाद ही सरकारी या प्राइवेट मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस, बीडीएस आदि यूजी कोर्सों की सीटें हासिल होती है। लाखों बच्चों का सपना होता है कि वे नीट की परीक्षा में अच्छे नंबर लाकर सरकारी मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस पढ़ें और अच्छे डॉक्टर बने। बता दें कि नीट के कटऑफ रिजर्व कैटेगरी के लिए अलग और अनरिजर्व कैटेगरी के लिए अलग होते हैं। ऐसे में आइए जानते हैं कि ओबीसी स्टूडेंट को क्या 420 नंबर लाने पर एमबीबीएस सीट हासिल हो सकती है।
420 नंबर लाने पर ओबीसी के लिए संभावना?
बता दें कि जानकारी दे दें कि NEET यूजी की परीक्षा 720 नंबर के लिए होती है और इसके कटऑफ हर कैटगरी के लिए अलग-अलग जाती है। सबसे हाई कटऑफ जनरल कैटेगरी वाले उम्मीदवारों का होता है और फिर ओबीसी कैटेगरी के उम्मीदवारों का जाता है। ऐसे में आइए जानते हैं कि क्या ओबीसी स्टूडेंट को NEET में 420 अंक मिलने पर सरकारी कॉलेज में MBBS सीट मिल सकती है।
इसका जवाब है कि ओबीसी स्टूडेंट के लिए भी NEET में 420 नंबर लाने पर MBBS में एडमिशन की संभावना कम होती है, खासकर सरकारी कॉलेज की सीट, लेकिन यह पूरी तरह से असंभव नहीं है। लेकिन, कुछ कम फेमस सरकारी मेडिकल कॉलेजों या प्राइवेट मेडिकल कॉलेजों में एडमिशन मिल सकता है, लेकिन फिर भी सरकारी मेडिकल कॉलेजों में सीट पाने के लिए ओबीसी छात्रों को भी 500+ नंबर लाना ही बेहतर माना जाता है क्योंकि कटऑफ हमेशा ही जनरल कैटेगरी वालों से थोड़ा ही कम होती है।
किस कैटेगरी का कितना होना चाहिए सरकारी मेडिकल कॉलेजों के लिए NEET स्कोर?
- सामान्य श्रेणी: 600+ नंबर
- ओबीसी श्रेणी: 575+ नंबर
- SC/ST श्रेणी: 480+ नंबर
नीट 2025 में कितना जा सकता है कटऑफ?
ऐसे में हर साल इस परीक्षा के लिए कटऑफ अलग-अलग होते हैं। जैसे इस बार माना जा रहा कि नीट 2025 के कटऑफ अनरिजर्व कैटेगरी के लिए 720 से 162 हो सकता है और ओबीसी, एससी, और एसटी कैटगरी के लिए कटऑफ 121 से 127 जा सकती है।
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