बॉलीवुड में शुरुआती दिनों में शाहरुख ने बाजीगर, डर, अंजाम, दीवाना जैसी फिल्मों से अपनी अलग पहचान बनाई। उन दिनों नकारात्मक भूमिकाएं कोई एक्टर नहीं करना पसंद करता था लेकिन शाहरुख ने लीक से हटकर नेगेटिव रोल किए और दर्शकों ने उनको इस रोल में बेहद पसंद भी किया।
शाहरुख की फिल्मी जिंदगी में आदित्य चोपड़ा के निर्देशन में बनीं दिलवाले दुल्हनियां ले जाएंगे एक ऐसी फिल्मी थी जिसने शाहरुख को रोमांस का सबसे बड़ा नॉयक बना दिया और उसके बाद दिल तो पागल है, कुछ कुछ होता है, कभी खुशी कभी गम और चक दे इंडिया और देवदास और वीर जारा जैसी फिल्मों ने बॉलीवुड में शाहरुख खान को सुपर सितारा बना दिया। उसके बाद शाहरुख खान ने पीछे मुड़कर नहीं देखा और 1990 से बॉलीवुड में शुरु हुआ उनका शानदार सफर आज भी जारी है।
उनके अभिनय की ताजगी का अहसास आप इस बात से लगा सकते हैं कि आने वाली 18 दिसंबर को काजोल और शाहरुख खान के अभिनय से सजीं फिल्म दिलवाले को इस साल की सबसे बड़ी फिल्मों में से एक अभी से करार दिया जा रहा है। लेकिन शाहरुख की सफलता में अगर गौरी खान के नाम का उल्लेख ना किया जाए तो बात अधूरी सी लगेगी, गौरी खान का प्रभाव शाहरुख की जिंदगी पर बेहद खास रहा है। दरअसल गौरी उनकी जिंदगी में एक ऐसी कड़ी है जिनके बगैर शाहरुख खान की कल्पना नहीं की जा सकती।