नई दिल्लीः बॉलीवुड के ‘शोमैन’ राज कपूर एक मल्टिटैलेंटेड और बहुमुखी व्यक्तित्व थे। भारतीय सिनेमा के प्रतिष्ठित व्यक्तित्वों में से एक राज कपूर ने अपने काम के ज़रिए आने वाली पीढ़ी को खूब प्रेरित किया है। फिल्म में अभिनय के अलावा वो फिल्मों के निर्माता और निर्देशक भी रह चुके है। बॉलीवुड के पहले परिवार की दूसरी पीढ़ी के सदस्य राज कपूर ने क्वालिटी सिनेमा का निर्माण किया था।
आज उनकी पुण्यतिथि पर हम आपको बताने जा रहे है उनकी दस अनसुनी कहानियां जिसके बारे में शायद ही आप जानते होंगे।

1. राज कपूर ने करियर की शुरुआत एक क्लैपर-ब्वाय के तौर पर की थी। 1943 में अभिनेता केदार शर्मा जब फिल्म ‘विषकन्या’ के लिए शूटिंग कर रहे थे तब राज कपूर को उनके क्लोज़अप शॉट के लिए क्लैप करना था। केदार शॉट के लिए नकली दाढ़ी लगाए हुए थे लेकिन राज कपूर ने उनके मुंह के बहुत पास क्लैपबोर्ड ऐसे बजाया कि उनकी दाढ़ी ही निकल गई। से जरिए बाहर निकाल लिया। शर्मा ने इस गुस्ताखी के लिए पूरी यूनिट के सामने कपूर को एक थप्पड़ जड़ दिया।
2. राज कपूर ने एक्टिंग की दुनिया में कदम 1935 में फिल्म ‘इंकलाब’ में एक बाल कलाकार के रूप में रखा था। उनको बड़ा ब्रेक 12 वर्षों बाद फिल्म ‘नील कमल’ से मिला जिसमें मधुबाला उनकी सह-अभिनेत्री थीं।