Friday, March 13, 2026
Advertisement
  1. Hindi News
  2. Explainers
  3. गर्मी से बढ़ रहा है हीट स्ट्रोक का खतरा, जानिए इसका शरीर पर क्या पड़ता है असर, क्या हैं लक्षण, बचने के लिए क्या करें

गर्मी से बढ़ रहा है हीट स्ट्रोक का खतरा, जानिए इसका शरीर पर क्या पड़ता है असर, क्या हैं लक्षण, बचने के लिए क्या करें

Written By: Bharti Singh @bhartinisheeth Published : Mar 12, 2026 03:11 pm IST, Updated : Mar 12, 2026 03:11 pm IST

Heat Wave Effects: इस बार गर्मी रुलाने वाली है क्योंकि मार्च के शुरुआत में ही देश की कई हिस्सों में हीट स्ट्रोक के मामले सामने आने लगे हैं। हर दिन तापमान तेजी से बढ़ रहा है। जानिए हीट स्ट्रोक और लू के लक्षण क्या हैं और इससे कैसे बचें?

हीट वेब का असर- India TV Hindi
Image Source : FREEPIK हीट वेब का असर

देश की कई हिस्सों में मार्च में ही तेज गर्मी पड़ने लगी है। दोपहर के वक्त धूप में एक पल भी खड़े रहना मुश्किल हो रहा है। राजस्थान, हरियाणा और बिहार में अभी से हवा लू जैसी महसूस होने लगी है। अगर गर्मी इसी तरह से बढ़ती रही तो लू लगने और हीट स्ट्रोक के मामले तेजी से बढ़ने लगेंगे। जब तापमान बढ़ता है तो शरीर अंदर के टेंपरेचर को मेंटेन करने के लिए ज्यादा मेहनत करता है। तेज गर्मी में रहने से शरीर में तनाव बढ़ने लगता है। ऐसे में स्वास्थ्य से जुड़ी कई परेशानियां खड़ी हो जाती हैं। खासतौर से बच्चों, बुजुर्गों और किसी बीमारी से पीड़ित लोगों को ज्यादा मुश्किल होती है। ऐसे में आपको ये जानना जरूरी है कि हीट स्ट्रोक होने पर शरीर में क्या बदलाव आते हैं। क्या लक्षण महसूस होते हैं और हीट स्ट्रोक से कैसे बचें। लू लगने पर क्या करें क्या उपाय करने चाहिए?

गर्मी से बचने के लिए शरीर कैसे काम करता है?

शारदा हॉस्पिटल के इंटरनल मेडिसिन डिपार्टमेंट के प्रोफेसर डॉ भुमेश त्यागी ने बताया कि, इंसान का शरीर सामान्य तौर पर करीब 37 डिग्री सेल्सियस बनाए रखने का प्रयास करता है, लेकिन जब बाहर का तापमान बढ़ने लगता है तो शरीर को ठंडा रखने के लिए ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है। लू चलने पर शरीर पसीना बहाकर और त्वचा में ब्लड फ्लो बढ़ाकर खुद को ठंडा करने की कोशिश करता है। 2018 में छपी एक रिपोर्ट बताती है पसीना आना और रक्त वाहिकाओं का फैलना (वैसोडिलेशन) मिलकर शरीर को ठंडा रखने का काम करते हैं। जब हाइपोथैलेमस शरीर में बढ़े हुए तापमान को महसूस करता है तो पसीना ग्रंथियों को एक्टिव करता है, जिससे पसीना निकलता है और शरीर ठंडा होने लगता है। पसीना गर्मी में वाष्पित होता है और गर्मी कम होती है। इससे त्वचा की सतह ब्लड वेसेल्स चौड़ी हो जाती हैं और रक्त प्रवाह बढ़ जाता है। इस तरह शरीर खुद को कूल डाउन करने का काम करता है। हालांकि जब तापमान शरीर के कंट्रोल से बाहर हो जाता है तो हीट स्ट्रोक और लू लगने जैसी समस्याएं होने लगती हैं।

गर्मी से परेशान
Image Source : FREEPIKगर्मी से परेशान

तापमान बढ़ने से क्या होता है? 

डिहाइड्रेशन का खतरा- लंबे समय तक जब आप गर्मी में रहते हैं तो इससे शरीर में डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ जाता है। शरीर ज्यादा पसीना निकालता है जिससे पानी और जरूरी इलेक्ट्रोलाइट्स भी निकल जाते हैं। जब शरीर में निर्जलीकरण बढ़ता है तो थकान, चक्कर आना, सिरदर्द और पेशाब कम आना जैसे लक्षण महसूस होते हैं। कई बार इससे ब्लड सर्कुलेशन की समस्या पैदा होती है, जिससे मुश्किलें बढ़ सकती हैं।

गर्मी से थकान- जब शरीर तापमान को कंट्रोल करने में असमर्थ हो जाता है, तो हीट एग्जॉस्टशन की स्थिति पैदा होती है। बहुत अधिक पसीना आना, कमजोरी, मतली, मांसपेशियों में ऐंठन और चक्कर आना इसके लक्षण हैं। शरीर बहुत गर्म रहता है लेकिन त्वचा ठंडी और चिपचिपी महसूस हो सकती है। हीट एग्जॉस्टशन के साथ डिहाइड्रेशन मिलकर खतरनाक स्थिति पैदा कर सकता है।

हीटस्ट्रोक का खतरा- लू चलने से हीट स्ट्रोक का सबसे गंभीर खतरा रहता है। ऐसा तब होता है जब शरीर का टेंपरेचर कंट्रोल सिस्टम पूरी तरह से फेल हो जाता है। शरीर का तापमान तेजी से बढ़ता है और 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच जाता है। हीट स्टोक के लक्षणों में भ्रम, तेज़ दिल की धड़कन, गर्म और ड्राई स्किन, दौरे पड़ना और बेहोशी शामिल हो सकती है। इससे दिमाग, हृदय और गुर्दे पर बुरा असर होता है।

दिल और किडनी पर असर- ज्यादा गर्मी बढ़ने पर शरीर के मुख्य अंग हार्ट और किडनी पर भी असर होता है। गर्मी को बाहर निकालने के लिए हार्ट को ज्यादा काम करना पड़ता है अगर हार्ट के मरीज हैं या किडनी की समस्या है तो आपकी मुश्किलें गर्मी में और बढ़ सकती हैं। डिहाइड्रेशन और ब्लड सर्कुलेशन की कमी से किडनी पर भी असर होता है।

लू और हीट स्ट्रोक से कैसे बचें, क्या उपाय करें?

भीषण गर्मी से बचने के लिए खुद को हाइड्रेट रखना जरूरी है। इसके लिए दिनभर पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें। पानी के साथ ही दूसरे पानी से भरपूर खाद्य पदार्थों को डाइट में शामिल करें। घर से बाहर निकलें तो हल्के और ढीले कपड़े पहनें। दिन के सबसे गर्म वक्त यानि दोपहर में बाहर निकलने से बचें। गर्मी से बचने के लिए हवादार जगह पर रहें और छाता, चश्मा, गमछा का उपयोग करें। शरीर को ठंडा रखने के लिए ठंडे पानी से नहाएं। इससे शरीर का तापमान कंट्रोल रहेगा।

 

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Explainers से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।

Advertisement
Advertisement
Advertisement