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रोबोडॉग विवाद पर बड़ा एक्शन, गलगोटिया यूनिवर्सिटी को AI समिट एक्सपो तुरंत खाली करने का आदेश

 Reported By: Devendra Parashar, Edited By: Akash Mishra
 Published : Feb 18, 2026 11:16 am IST,  Updated : Feb 18, 2026 12:40 pm IST

AI इम्पैक्ट समिट में चीन में बने रोबोडॉग के डिस्प्ले पर हुए विवाद के बाद अब गलगोटिया यूनिवर्सिटी को AI समिट एक्सपो तुरंत खाली करने को कहा गया है।

गलगोटिया यूनिवर्सिटी को AI समिट एक्सपो तुरंत खाली करने को कहा गया।- India TV Hindi
गलगोटिया यूनिवर्सिटी को AI समिट एक्सपो तुरंत खाली करने को कहा गया। Image Source : X @GALGOTIASGU

देश की राजधानी दिल्ली में एआई इंपैक्ट समिट चल रहा है। इस बीच एक बड़ी खबर सामने आई है। सूत्रों के अनुसार, गलगोटिया यूनिवर्सिटी को AI समिट एक्सपो तुरंत खाली करने को कहा गया है। सुत्रों के मुताबिक, रोबोटिक डॉग के डिस्प्ले पर विवाद होने के बाद गलगोटिया यूनिवर्सिटी को AI समिट एक्सपो खाली करने को कहा गया।

बता दें कि ग्रेटर नोएडा के इस इंस्टीट्यूशन पर तब तुरंत एक्शन लिया गया जब मंगलवार को इस इवेंट का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। क्लिप में, यूनिवर्सिटी के रिप्रेजेंटेटिव एक रोबोटिक डॉग को अपने सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के बनाए प्रोडक्ट के तौर पर पेश करते दिखे।

चीनी रोबोट

समिट के दौरान गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने जिस रोबोटिक डॉग को पेश किया, उसकी पहचान चीनी रोबोट Unitree Go2 के तौर पर हुई है, जो चीनी रोबोटिक्स फर्म Unitree Robotics का बनाया हुआ एक कमर्शियली उपलब्ध मॉडल है। समिट में, रोबोट को "ओरियन" नाम से पेश किया गया।

विवाद पर गलगोटिया यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर ने क्या कहा?

AI इम्पैक्ट समिट में चीन में बने रोबोडॉग के डिस्प्ले पर हुए विवाद के बाद, गलगोटिया यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर डॉ. ऐश्वर्या श्रीवास्तव ने कहा, "हमने कभी दावा नहीं किया कि हमने इसे (रोबोडॉग) बनाया है, यह सिर्फ हमारे AI इन्वेस्टमेंट का एक हिस्सा था। इसे बहुत गलत तरीके से समझा गया।"

इससे पहले, विवाद को लेकर बढ़ते तनाव के बीच, इंस्टीट्यूशन ने एक ऑफिशियल सफाई जारी की थी, जिसमें यूनिवर्सिटी के खिलाफ "प्रोपेगैंडा" को लेकर चिंता जताई गई। यूनिवर्सिटी ने कहा कि रोबोटिक प्रोग्रामिंग स्टूडेंट्स को AI एप्लिकेशन बनाना सिखाने की उसकी कोशिश का हिस्सा है, जिससे वे दुनिया भर में मौजूद टूल्स और रिसोर्स का इस्तेमाल करके रियल-वर्ल्ड स्किल्स डेवलप और इस्तेमाल कर सकें।

बयान में कहा गया, "हम गलगोटियास में, फैकल्टी और स्टूडेंट्स, हमारी यूनिवर्सिटी के खिलाफ प्रोपेगैंडा कैंपेन से बहुत दुखी हैं। हम साफ-साफ कहना चाहते हैं कि रोबोटिक प्रोग्रामिंग हमारी कोशिश का हिस्सा है ताकि स्टूडेंट्स AI प्रोग्रामिंग सीख सकें और दुनिया भर में मौजूद टूल्स और रिसोर्स का इस्तेमाल करके रियल वर्ल्ड स्किल्स डेवलप और डिप्लॉय कर सकें, क्योंकि AI टैलेंट डेवलप करना आज के समय की जरूरत है।" बयान में आगे कहा गया, "हमारी यूनिवर्सिटी का विज़न स्टूडेंट लर्निंग और इनोवेशन पर फोकस्ड है और हम स्टूडेंट्स को मॉडर्न टेक्नोलॉजी तक एक्सेस देते हैं ताकि वे प्रैक्टिकल एक्सपीरियंस ले सकें और भविष्य के लिए तैयार हो सकें। नेगेटिविटी फैलाने से स्टूडेंट्स का हौसला टूट सकता है, जो ग्लोबल टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करके इनोवेट करने, सीखने और अपनी स्किल्स बनाने के लिए कड़ी मेहनत कर रहे हैं।"

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