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'इतना भी स्कोर नहीं कर सकते और वकील बनना चाहते हैं', किस बात पर भड़के CJI चंद्रचूड़

 Reported By: Atul Bhatia Edited By: Subhash Kumar
 Published : Jul 09, 2024 02:02 pm IST,  Updated : Jul 09, 2024 02:14 pm IST

सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका दायर की गई थी जिसमें अखिल भारतीय बार परीक्षा में योग्यता अंक कम करने की मांग की गई थी। हालांकि, कोर्ट ने इस जनहित याचिका को खारिज कर दिया है।

किस बात पर भड़क गए CJI चंद्रचूड़।- India TV Hindi
किस बात पर भड़क गए CJI चंद्रचूड़। Image Source : PTI

भारत के मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ अक्सर अपनी हाजिरजवाबी के लिए चर्चा में बने रहते हैं। अक्सर सुप्रीम कोर्ट में उनके पास कई ऐसे मामले आते हैं जिनसे CJI चंद्रचूड़ भी हैरान हो जाते हैं और उन्हें भड़कना पड़ता है। ऐसा ही एक मामला मंगलवार को सामने आया जब उनके समक्ष अखिल भारतीय बार परीक्षा में योग्यता अंक कम करने की मांग को लेकर याचिका पहुंची। आइए जानते हैं कि इस याचिका पर सुनवाई में क्या सब हुआ।

क्या की गई है याचिका में मांग?

सुप्रीम कोर्ट में दायर की गई याचिका में मांग की गई है कि अखिल भारतीय बार परीक्षा में योग्यता अंक कम किया जाए। याचिका में कहा गया है कि परीक्षा में योग्यता अंक सामान्य वर्ग/ओबीसी के लिए 40% और एससी/एसटी उम्मीदवारों के लिए 35% होना चाहिए। वर्तमान में जरूरी अंक 45% और 40% हैं।

CJI चंद्रचूड़ ने क्या कहा?

सुप्रीम कोर्ट ने अखिल भारतीय बार परीक्षा में योग्यता अंक कम करने की मांग को लेकर दायर जनहित याचिका को खारिज कर दिया है। मुख्य न्यायाधीश चंद्रचूड़ ने याचिका को खारिज करते हुए कहा कि आप इतना भी स्कोर नहीं कर सकते लेकिन वकील बनना चाहते हैं? आप पढ़ो।

नीट सुनवाई पर क्या है अपडेट?

दूसरी ओर सुप्रीम कोर्ट में बीते सोमवार 8 जुलाई को नीट परीक्षा की कुल 38 याचिकाओं पर सुनवाई हुई है। इनमें से पांच याचिकाएं अलग-अलग राज्यों के हाई कोर्ट से ट्रांसफर होकर सुप्रीम कोर्ट में आई हैं। इन याचिकाओं में से कई में परीक्षा रद्द करने की मांग की गई है। नीट पेपर लीक पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट ने अगली तारीख गुरुवार 11 जुलाई को रखी है।

सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा?

सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार की सुनवाई में कहा है कि फर्जीवाड़ा करने वाले छात्रों की पहचान की जाए। वहीं, राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) से सवाल किया गया है कि पहली बार पेपर कब लीक हुआ था। गुरुवार को होने वाली सुनवाई में एनटीए को इस सवाल का जवाब देना होगा। इसके साथ ही कोर्ट ने सरकार से कहा है कि एक्सपर्ट की एक टीम बनाई जानी चाहिए।

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