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पहली परीक्षा में ही फेल हुए उद्धव-राज, दोनों भाई बुरी तरह हारे, खाता भी नहीं खुला

 Reported By: Dinesh Mourya Edited By: Khushbu Rawal
 Published : Aug 20, 2025 09:25 am IST,  Updated : Aug 20, 2025 09:25 am IST

शिवसेना (UBT) और MNS पार्टी के लिए यह बड़ा झटका माना जा रहा है क्योंकि दोनों आने वाले मुंबई नगर निगम चुनाव में एक साथ लड़ने का प्लान बना रहे हैं। ठाकरे बंधुओं का इस चुनाव में एक भी सीट न जीतना दोनों पार्टियों के लिए बड़ी चिंता का विषय बन गया है।

uddhav thackeray raj thackeray- India TV Hindi
उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे। Image Source : PTI

महाराष्ट्र में द बेस्ट एम्प्लॉइज कोऑपरेटिव क्रेडिट सोसाइटी चुनाव (BEST चुनाव 2025) के नतीजे 19 अगस्त को देर रात घोषित किए गए। इस चुनाव में ठाकरे बंधुओं को बड़ा झटका लगा है। बेस्ट पतपेढ़ी में कुल 21 सीटों के लिए हुए चुनाव में उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे के उत्कर्ष पैनल को एक भी सीट नहीं मिली है। इसी के साथ बेस्ट पतपेढी में ठाकरे गुट की 9 साल की सत्ता खत्म हो गई है। इस चुनाव में सबसे कम चर्चा में रहने वाले शशांकराव पैनल का सबसे अच्छा प्रदर्शन रहा है।

बता दें कि शिवसेना (UBT) और MNS पार्टी के लिए भी बड़ा झटका माना जा रहा है क्योंकि दोनों आने वाले मुंबई नगर निगम चुनाव में एक साथ लड़ने का प्लान बना रहे हैं। ठाकरे बंधुओं का इस चुनाव में एक भी सीट न जीतना दोनों पार्टियों के लिए बड़ी चिंता का विषय बन गया है।  

किसके खाते में कितनी सीटें?

इस चुनाव में यूनियन लीडर शशांक राव के पैनल ने सबसे ज्यादा 14 सीटें जीतीं-

कुल सीटें- 21

शशांक राव पैनल- 14 सीटें

BJP पैनल सहकार समृद्ध - 4 सीटें
शिंदे गुट पैनल- 2 सीटें
SC ST union--1 सीट
शिवसेना यूबीटी/MNS- 00

18 अगस्त को हुआ चुनाव, 19 अगस्त को नतीजे

ठाकरे की बेस्ट कामगार सेना और मनसे की बेस्ट कामगार कर्मचारी सेना ने मिलकर ‘उत्कर्ष पैनल' के नाम से चुनाव लड़ा था। बेस्ट पतपेढ़ी चुनाव, जिसमें सदस्य अपनी बचत जमा करते हैं और कम ब्याज पर ऋण सुविधा लेते हैं, का मतदान 18 अगस्त को हुआ।

निकाय चुनाव में भी होगा गठबंधन?

बेस्ट पतपेढ़ी चुनावों को लेकर दोनों के बीच गठबंधन हुआ था जिसके बाद यह सवाल भी उठ रहा था कि क्या दोनों के बीच स्थानीय निकाय चुनाव में भी गठबंधन की संभावना है। लेकिन इस हार का प्रभाव उनके राजनीतिक भविष्य पर पड़ सकता है। मनसे और शिवसेना के लिए भी यह हार एक बड़ा झटका साबित हो सकती है। 

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