1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. अब ई-कॉमर्स दिग्गज Snapdeal के प्रोडक्ट्स पर नहीं मिलेगी 70 फीसदी तक की छूट

अब ई-कॉमर्स दिग्गज Snapdeal के प्रोडक्ट्स पर नहीं मिलेगी 70 फीसदी तक की छूट

 Published : May 12, 2016 07:46 am IST,  Updated : May 12, 2016 02:21 pm IST

ई-कॉमर्स दिग्गज स्नैपडील(Snapdeal) ने घोषणा की है कि वह 13 मई से अपने प्लैटफॉर्म पर 70 फीसदी से ज्यादा के डिस्काउंट ऑफर्स बंद कर रहा है।

प्रोडक्‍ट रिटर्न से परेशान हुई Snapdeal, अब ग्राहकों को नहीं मिलेगा 70 फीसदी से ज्‍यादा का डिस्‍काउंट- India TV Hindi
प्रोडक्‍ट रिटर्न से परेशान हुई Snapdeal, अब ग्राहकों को नहीं मिलेगा 70 फीसदी से ज्‍यादा का डिस्‍काउंट

नई दिल्ली: ई-कॉमर्स दिग्गज स्नैपडील(Snapdeal) ने घोषणा की है कि वह 13 मई से अपने प्लटफॉर्म पर 70 फीसदी से ज्यादा के डिस्काउंट ऑफर्स बंद कर रहा है। यह फैसला खराब प्रोडक्‍ट को रिटर्न करने से कंपनी पर पड़़ने वाले आर्थिक बोझ के कारण लिया गया है। कंपनी का कहना है कि ज्‍यादा डिस्‍काउंट वाले प्रोडक्‍ट की क्‍वालिटी भी अच्‍छी नहीं होती, जिसे ग्राहक मंगाने के बाद वापस कर देते हैं। कंपनी ने 9 मई को एक मैसेज भेजा था जिसमें लिखा था कि ‘हमने पाया है कि बहुत ज्यादा डिस्काउंट यानी डीप डिस्काउंटिंग वाले प्रॉडक्ट्स अक्सर कस्टमर्स की उम्मीदों पर खरा नहीं उतरते। इसके चलते प्रॉडक्ट्स को लेकर कस्टमर्स में अंसतोष बढ़ता है और उसको रिटर्न किए जाने के मामले भी बढ़ते हैं।‘

ग्राहकों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए अब न तो एमआरपी पर 70 फीसदी से ज्यादा छूट पर नए प्रोडक्ट्स लिस्ट किए जाएंगे और न ही लिस्टेड प्रोडक्ट्स की कीमतें अपडेट की जाएंगी। स्नैपडील के साथ साथ कई ई-कॉमर्स कंपनियों के विक्रेताओं ने शिकायत की है नो क्वेश्चन आस्क्ड पॉलिसी के तहत ग्राहकों की ओर से सामान लौटाने की घटानाएं बढ़ रही हैं। विक्रेताओं का मानना है कि सामान वापस लौटाने से लॉजिस्टिक संबंधित दिक्कतें हो जाती हैं क्योंकि इनवेंटरी लंबे तक के लिए ट्रांजिट में फंस जाती है जिसकी वजह से एकाउंटिंग में परेशानी आती है।

देखिए रिलायंस LYF की कंप्‍लीट रेंज और स्‍पेसिफिकेशंस

lyf Smart Phone

lyf-flamelyf-flame

lyf-5 lyf Smart Phone

lyf-3 lyf Smart Phone

lyf-4 lyf Smart Phone

lyf-2 lyf Smart Phone

lyf-1 lyf Smart Phone

रिटेल कंसल्टेंसी फर्म थर्ड आइसाइट के चीफ एग्जिक्यूटिव देवांग्शु दत्ता के अनुसार यह स्ट्रैटेजी कामयाब हो सकती है क्योंकि ई-कॉमर्स में नई एफडीआई पॉलिसी को सेलर्स चैलेन्‍ज्‍ड कर सकते हैं। ई-कॉमर्स का उदेश्य साफ है। सरकार भी डीप डिस्काउंटिंग को नियंत्रित करना चाहती है।  इस वजह से सरकार को स्नैपडील के फैसले किसी भी तरह की परेशानी नहीं होगी। लेकिन हो सकता है कि यह पॉलिसी कीमतों पर असर डालेगी इसलिए इसको चुनौती दे सकते हैं।

आप को बता दें कि सरकार ने 29 मार्च को मार्केटप्लेस मॉडल को डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक नेटवर्क पर खरीदार और विक्रेता के बीच डील कराने वाले प्रोवाइडर के तौर पर परिभाषित किया था। साथ ही ई-कॉमर्स, ई-कॉमर्स एंटिटी और इनवेंटरी बेस्ड मॉडल की भी परिभाषा दी थी। हाल ही आईं गाइडलाइंस के तहत मार्केटप्लेस देने वाली ई-कॉमर्स कंपनियों को एक जैसा अवसर दिया जाएगा।  इसके अलावा उनको प्रॉडक्ट्स और सर्विस की कीमत को सीधे या दूसरे तरीके से प्रभावित करने की इजाजत नहीं होगी।

यह भी पढ़ें- ‘R’ अक्षर के साथ जल्द जारी होंगे 1000 रुपए के नए नोट

यह भी पढ़ें- अब Cafe Coffee Day के बिल का भुगतान Freecharge के जरिए कर सकेंगे

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा