दिल्ली का खान मार्केट दुनिया के सबसे महंगे हाई-स्ट्रीट रिटेल स्थानों की वैश्विक रैंकिंग में एक पायदान फिसलकर अब 24वें स्थान पर पहुंच गया है। कुशमैन एंड वेकफील्ड की लेटेस्ट रिपोर्ट के अनुसार, यहां सालाना किराया 223 अमेरिकी डॉलर प्रति वर्ग फुट है। पीटीआई की खबर के मुताबिक, पिछले वर्ष यह बाजार 23वें स्थान पर था। इसके बावजूद, खान मार्केट अब भी भारत का सबसे महंगा हाई-स्ट्रीट मार्केट बना हुआ है।
लंदन की न्यू बॉन्ड स्ट्रीट सबसे महंगी रिटेल डेस्टिनेशन
रिपोर्ट के मुताबिक, लंदन की न्यू बॉन्ड स्ट्रीट दुनिया की सबसे महंगी रिटेल डेस्टिनेशन बनकर उभरी है, जिसका सालाना किराया 2,231 अमेरिकी डॉलर प्रति वर्ग फुट है। वहीं रोस्टर में शीर्ष पर रहने वाली मिलान की विया मोंटे नेपोलेओने इस साल 2,179 डॉलर प्रति वर्ग फुट किराए के साथ दूसरे स्थान पर खिसक गई। न्यूयॉर्क की अपर 5th एवेन्यू 2,000 डॉलर प्रति वर्ग फुट के किराए के साथ तीसरे स्थान पर है। इसके बाद हांगकांग की Tsim Sha Tsui, पेरिस की Avenue des Champs-Élysées, टोक्यो का गिंज़ा, ज्यूरिख की Bahnhofstrasse, सिडनी का Pitt Street Mall, सियोल का Myeongdong और वियना का Kohlmarkt शीर्ष 10 में शामिल हैं।
भारत के हाई-स्ट्रीट बाजार की बन रही पहचान
कुशमैन एंड वेकफील्ड की फ्लैगशिप रिपोर्ट ‘Main Streets Across The World 2025’ दुनिया भर के 138 प्रमुख शहरी रिटेल लोकेशंस के किराया रुझानों का विश्लेषण करती है। कुशमैन एंड वेकफील्ड के मुंबई एवं न्यू बिज़नेस के एग्जिक्यूटिव मैनेजिंग डायरेक्टर गौतम साराफ ने कहा कि भारत के हाई-स्ट्रीट बाजार वैश्विक स्तर पर तेजी से अपनी पहचान मजबूत कर रहे हैं। खान मार्केट, कनॉट प्लेस और गुरुग्राम का गैलेरिया मार्केट अंतरराष्ट्रीय और घरेलू ब्रांडों के पसंदीदा ठिकानों में शामिल हो रहे हैं। सीमित मॉल सप्लाई के चलते ये हाई-स्ट्रीट रिटेलर्स के लिए महत्वपूर्ण केंद्र बनते जा रहे हैं।
भारत के इन शहरों में सबसे तेज बढ़ा किराया
साराफ के अनुसार, वर्ष 2025 में अब तक हाई-स्ट्रीट लोकेशंस देश की कुल रिटेल लीजिंग गतिविधि के आधे से अधिक हिस्से के लिए जिम्मेदार रहे हैं। यह भारत में प्रीमियम और अनुभव-आधारित रिटेल की बढ़ती मांग को दर्शाता है। कंसल्टेंट की रिपोर्ट में बताया गया कि एशिया-प्रशांत क्षेत्र में भारत के टियर-1 शहरों में किराए सबसे तेजी से बढ़े। गुरुग्राम के गैलेरिया मार्केट में किराया 25% बढ़ा, दिल्ली के कनॉट प्लेस में 14% की बढ़ोतरी दर्ज हुई, जबकि मुंबई के केंप्स कॉर्नर में किराया 10% बढ़ा। कुल मिलाकर देश के 16 ट्रैक किए गए हाई-स्ट्रीट लोकेशंस में औसत सालाना किराया वृद्धि 6% दर्ज की गई।
दिलचस्प बात यह है कि एशिया-प्रशांत क्षेत्र का सबसे किफायती हाई-स्ट्रीट भी भारत में ही है-चेन्नई का अन्ना नगर सेकंड एवेन्यू, जहां सालाना किराया मात्र 25 अमेरिकी डॉलर प्रति वर्ग फुट है।






































