1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. महज 4 दिनों में इस राज्य में ₹600 करोड़ की शराब पी गए लोग, त्योहार के खुमार में खूब छलकाया जाम

महज 4 दिनों में इस राज्य में ₹600 करोड़ की शराब पी गए लोग, त्योहार के खुमार में खूब छलकाया जाम

 Published : Oct 31, 2023 02:53 pm IST,  Updated : Oct 31, 2023 02:53 pm IST

सरकार को अब आगे काली पूजा और दिवाली के अवसर पर और फिर दिसंबर में क्रिसमस के साथ शुरू होने वाले एक और लंबे त्योहारी सीजन के दौरान भी अच्छी खासी कमाई होने की उम्मीद है।

 राज्य उत्पाद शुल्क कलेक्शन पहले ही करीब 8,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है।- India TV Hindi
राज्य उत्पाद शुल्क कलेक्शन पहले ही करीब 8,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। Image Source : INDIA TV

फेस्टिवल में दिल इस कदर झूमा कि लोग महज 4 दिनों में ही 600 करोड़ रुपये की शराब पी गए। आप भी चौंक गए होंगे शायद। जी हां, ऐसा दुर्गा पूजा के दौरान पश्चिम बंगाल (Liquor sales in west bengal) में हुआ। पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य में हाल ही में खत्म हुए दुर्गा पूजा त्योहार के चार दिनों के दौरान शराब की बिक्री (Liquor sales in Durga pooja in west bengal) जरिये राज्य उत्पाद शुल्क के तौर पर इनकम हासिल किया है। IANS की खबर के मुताबिक, बीते सोमवार को राज्य में शराब की बिक्री और राज्य उत्पाद शुल्क के रूप में खजाने में आने वाली राशि को वित्त विभाग के अधिकारियों ने जोड़ा तो यह रुझान सामने आया।

आगे भी अच्छी खासी कमाई होने की उम्मीद

खबर के मुताबिक, इस कमाई से वित्त विभाग के अधिकारियों में खुशी है। राज्य उत्पाद शुल्क कलेक्शन पहले ही करीब 8,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है, जो वित्तीय वर्ष 2023-24 के बजट अनुमान के मुताबिक, 17,921.56 करोड़ रुपये के लक्षित संग्रह का लगभग 45 प्रतिशत है। इतना ही नहीं सरकार (west bengal govt) को अब आगे काली पूजा और दिवाली के अवसर पर और फिर दिसंबर में क्रिसमस के साथ शुरू होने वाले एक और लंबे त्योहारी सीजन के दौरान भी अच्छी खासी कमाई होने की उम्मीद है।

पिछले सभी रिकॉर्ड को पार कर गया

ऐसा देखा गया है कि अक्टूबर और जनवरी के बीच के दौरान शराब की बिक्री और राज्य उत्पाद शुल्क कलेक्शन में तेजी का रुझान होती है क्योंकि छोटे अंतराल पर दो लंबे त्योहारी सीजन होते हैं। लेकिन इस साल इस मामले में दुर्गा पूजा का रुझान (Liquor sales in Durga pooja in west bengal) पिछले सभी रिकॉर्ड को पार कर गया है।  राज्य (west bengal) के वित्त विभाग के एक अधिकारी का कहना है कि अब यह करीब निश्चित लग रहा है कि चालू वित्त वर्ष के आखिर तक राज्य उत्पाद शुल्क संग्रह का जितना टारगेट है, उसको पार कर लिया जाएगा। वित्तीय वर्ष 2023-24 के बजट अनुमान में कहा गया है कि राज्य उत्पाद शुल्क संग्रह बढ़कर 17,921.56 करोड़ रुपये होने का अनुमान है। यह वित्तीय वर्ष के संशोधित अनुमान के मुताबिक 19.41 प्रतिशत अधिक है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा