1. Hindi News
  2. पैसा
  3. फायदे की खबर
  4. गुड न्यूज! तीन और सरकारी बैंकों ने भी लोन कर दिया 0.50% सस्ता, जानें डिटेल

गुड न्यूज! तीन और सरकारी बैंकों ने भी लोन कर दिया 0.50% सस्ता, जानें डिटेल

 Published : Jun 11, 2025 08:00 pm IST,  Updated : Jun 11, 2025 09:07 pm IST

बैंक की तरफ से की गई इस कटौती से नए और मौजूदा खुदरा (होम, ऑटो, पर्सनल लोन आदि) और एमएसएमई उधारकर्ताओं के लिए फायदेमंद होगा। कई बैंकों ने कर्ज की दरों में कटौती की है और बाकी बैंक भी जल्द ही ऐसा करेंगे।

ईबीएलआर और आरएलएलआर में कटौती की गई है। - India TV Hindi
ईबीएलआर और आरएलएलआर में कटौती की गई है। Image Source : INDIA TV

सार्वजनिक क्षेत्र के तीन सरकारी बैंकों- यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, केनरा बैंक और इंडियन ओवरसीज बैंक ने बुधवार को बुधवार को उधारी दर में 0.50 प्रतिशत की कटौती करने की घोषणा की। यूनियन बैंक ने एक बयान में कहा कि इन बदलावों में बाह्य बेंचमार्क ऋण दर (ईबीएलआर) और रेपो लिंक्ड ऋण दर (आरएलएलआर) में 50 आधार अंकों की कमी शामिल है। बैंक ने पिछले सप्ताह आरबीआई द्वारा की गई दरों में कटौती के मुताबिक, अपनी ऋण दर में 50 आधार अंकों की कटौती की है।

इंडियन ओवरसीज बैंक की नई दरें

 इंडियन ओवरसीज बैंक (आईओबी) ने कहा कि बैंक की संपत्ति देनदारी प्रबंधन समिति (एएलसीओ) की मंगलवार को हुई बैठक में रेपो आधारित कर्ज पर देय ब्याज में 0.50 प्रतिशत की कटौती का निर्णय किया गया है। इस कटौती के बाद आरएलएलआर कम होकर 8.35 प्रतिशत हो गई है जो पहले 8.85 प्रतिशत थी। नई दर बुधवार से लागू है।

केनरा बैंक ने भी दी राहत

केनरा बैंक ने भी रेपो आधारित ब्याज दर में 0.50 प्रतिशत की कटौती की घोषणा की है। बैंक के बयान के अनुसार, इस कटौती से रेपो आधारित ब्याज दर 8.75 प्रतिशत से घटकर 8.25 प्रतिशत पर आ गई है। नई दर बुधवार से लागू है।

नए और मौजूदा ग्राहकों को मिलेगा फायदा

पीटीआई की खबर के मुताबिक, बैंकों का यह कदम नए और मौजूदा खुदरा (घर, वाहन, व्यक्तिगत, आदि) और एमएसएमई उधारकर्ताओं के लिए फायदेमंद होगा। आरबीआई की कार्रवाई के बाद, कई बैंकों ने कर्ज की दरों में कटौती की है और बाकी बैंक भी जल्द ही ऐसा करेंगे।

आरबीआई ने 50 आधार अंकों की कटौती की थी

इससे पहले शुक्रवार को, आरबीआई ने ब्याज दरों में अपेक्षा से अधिक 50 आधार अंकों की कटौती की और अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए बैंकों के लिए नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) में अप्रत्याशित रूप से कमी की। आरबीआई की छह सदस्यीय मौद्रिक नीति समिति, जिसके अध्यक्ष गवर्नर संजय मल्होत्रा ​​हैं और जिसमें तीन बाहरी सदस्य हैं, ने बेंचमार्क पुनर्खरीद या रेपो दर को 50 आधार अंकों से घटाकर 5. 5 प्रतिशत कर दिया। इसने नकद आरक्षित अनुपात को भी 100 आधार अंकों से घटाकर 3 प्रतिशत कर दिया, जिससे बैंकिंग प्रणाली में पहले से ही अधिशेष तरलता में 2. 5 लाख करोड़ रुपये की बढ़ोतरी हुई।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। My Profit से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा