ग्रेटर नोएडा में एक नया औद्योगिक सेक्टर बसाने की तैयारी जोरों पर है। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण अब इकोटेक-16 नामक सेक्टर को विकसित करने की दिशा में तेजी से काम कर रहा है।
अंडरपास की छत (स्लैब) का काम अपने आखिरी चरण में है। इसे जल्द ही वाहनों के लिए खोलने की तैयारी शुरू कर दी गई है। आने वाले कुछ महीनों में चार मूर्ति से गुजरना आसान होने वाला है।
यह मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स पार्क ग्रेटर नोएडा को एक प्रमुख लॉजिस्टिक्स हब के रूप में स्थापित करेगा। इससे हजारों प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे।
वन-टाइम सेटलमेंट (ओटीएस) योजना से सालों से लंबित मामलों का समाधान करने में मदद मिलेगी। जल्द ही विस्तृत आदेश जारी किए जाएंगे।
अथॉरिटी की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी की वेबसाइट पर साइनअप कर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की ग्राम विकास योजना का मुख्य उद्देश्य गांवों का समग्र विकास कर उन्हें आधुनिक सुविधाओं से लैस करना है।
Greater Noida Authority : ग्रेटर नोएडा के 75,000 घर खरीदारों के घरों की रजिस्ट्री का रास्ता अब साफ हो गया है। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के बोर्ड ने मंगलवार को रियल एस्टेट परियोजनाओं के संबंध में अमिताभ कांत समिति की सिफारिशों को लागू कर दिया है। इससे 117 समूह आवासीय परियोजनाओं को फायदा होगा।
फिलहाल नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना अथॉरिटी में किसानों को भूमि अधिग्रहण के बाद अलग-अलग नीतियों के तहत सुविधा मिलती है जिसमें किसानों के बीच असमानता देखने को मिलती है।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की सीईओ रितु माहेश्वरी के निर्देश पर संपत्ति विभाग ने बीते 20 जनवरी को 166 आवासीय भूखंडों की योजना लॉन्च की थी।
Plot Scheme 2021: अगर आप दिल्ली के निकट सबसे तेजी से बढ़ते शहर ग्रेटरनोएडा में अपने सपनों का घर बनाना चाहते हैं तो आपके लिए एक शानदार मौका है।
ग्रेटर नोएडा के लगभग 50 सेक्टरों के निवासियों की इस साल की दिवाली काली होने वाली है। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने इन सेक्टरों के निवासियों को 20 साल पहले खरीदे गए भूखंड के लिए अब अतिरिक्त पैसे का भुगतान करने का फरमान सुनाया है। प्राधिकरण के इस फरमान से यहां निवास कर रहे लगभग 25 हजार लोगों की मुसीबतें बढ़ गई हैं।
चीनी इलेक्ट्रॉनिक कंपनी हायर अप्लायंसेज उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा के औद्योगिक टाउनशिप में 3,069 करोड़ रुपये के निवेश से विनिर्माण इकाइयां स्थापित करेगी।
नोएडा, ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने विभिन्न आवासीय परियोजनाओं में तैयार हो चुके फ्लैटों की रजिस्ट्री के लिए एनओसी देने की योजना का प्रस्ताव किया है।
भूमि आबंटन दरों में वृद्धि के बाद नोएडा में घर खरीदना महंगा हो जाएगा। वहीं दूसरी ओर यमुना एक्सप्रेस वे पर भी टोल की दरें बढ़ा दी गई हैं।
ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी ने कथित रूप से बिना मंजूरी के निर्माण के मामले में सुपरटेक से ग्रेटर नोएडा में 1,000 से अधिक फ्लैटों को सील करने को कहा है।
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