रैणी (अलवर): राजस्थान के रैणी थाना क्षेत्र में दिल्ली–मुंबई एक्सप्रेसवे पर चैनल नंबर 131.5 के पास मंगलवार देर रात बड़ा सड़क हादसा हो गया। दिल्ली से जयपुर जा रही एक पिकअप अन्य वाहनों से टकरा गई, जिससे पिकअप में आग लग गई। इस हादसे में पिकअप में सवार तीन लोगों की जिंदा जलकर मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि चालक गंभीर रूप से घायल हो गया।
मृतकों की पहचान मोहित निवासी बहादुरगढ़ (हरियाणा), दीपेंद्र निवासी सागर (मध्यप्रदेश) और पदम निवासी सागर (मध्यप्रदेश) के रूप में हुई है। हादसे में घायल चालक की पहचान हन्नी निवासी झज्जर (हरियाणा) के रूप में हुई है, जिसे प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत में जयपुर रेफर किया गया।
सूचना मिलते ही रैणी पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को रैणी अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया। पिकअप वाहन के नंबरों से जानकारी मिलने पर वाहन झज्जर (हरियाणा) का पाया गया, जिसके बाद पुलिस ने मृतकों के परिजनों को हादसे की सूचना दे दी है। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर पर तेज रफ्तार, घने कोहरे और ओवरस्पीडिंग के कारण कई बड़े हादसे हुए हैं। सर्दियों में कोहरे की वजह से विजिबिलिटी कम होने से भी कई हादसे हुए हैं।
हाल में हुए हादसे
- 15 दिसंबर 2025: हरियाणा के नूंह जिले में सीजन के पहले घने कोहरे के कारण कम विजिबिलिटी से 20-50 वाहन (ट्रक, कारें, बसें) एक के बाद एक टकराए। 4 लोगों की मौत 15-20 लोग गंभीर रूप से घायल। कई वाहन क्षतिग्रस्त।
- नवंबर 2025: रतलाम (मध्य प्रदेश) में तेज रफ्तार कार खाई में गिरी, 5 लोगों की मौत।
- नवंबर 2025: XUV700 कार एक्सप्रेसवे पर अनियंत्रित होकर खाई में गिरी (माही नदी के पास), 5 लोगों की मौत
- अप्रैल 2025: नूंह में सफाई कर्मचारियों पर स्पीडिंग पिकअप वैन चढ़ गई, 6 सफाई कर्मचारियों की मौत, 5 घायल।
- जुलाई 2025: कोटा में मिनी बस-ट्रक टक्कर, एक परिवार के 4 सदस्यों की मौत, 10 घायल (ड्राइवर की झपकी कारण)।
बता दें कि दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे भारत का सबसे लंबा एक्सप्रेसवे है। यह एक्सप्रेसवे राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली को वित्तीय राजधानी मुंबई से जोड़ता है। यह 8-लेन (भविष्य में 12-लेन तक विस्तार योग्य) एक्सेस-कंट्रोल्ड ग्रीनफील्ड हाईवे है, जिसकी कुल लंबाई लगभग 1,350-1,386 किमी । कई सेक्शन पहले से खुले हैं (लगभग 1,156 किमी तक निर्माण पूरा, जिनमें से 774+ किमी पर ट्रैफिक चल रहा है)। इस पर गाड़ियां 120 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से फर्राटा भरती हैं।
रिपोर्ट-नेहा, अलवर