1. Hindi News
  2. धर्म
  3. Hindu Nav Varsh: हिंदू नव वर्ष कब से होगा शुरू, कौन होंगे राजा और मंत्री? जानें विक्रम संवत 2083 से जुड़ी जरूरी बातें

Hindu Nav Varsh: हिंदू नव वर्ष कब से होगा शुरू, कौन होंगे राजा और मंत्री? जानें विक्रम संवत 2083 से जुड़ी जरूरी बातें

 Written By: Naveen Khantwal
 Published : Mar 04, 2026 04:24 pm IST,  Updated : Mar 04, 2026 04:24 pm IST

Hindu Nav Varsh: हिंदू नववर्ष 2083 की शुरुआत मार्च के महीने में होगी। पंचांग के अनुसार इस साल का राजा और मंत्री कौन होगा और यह वर्ष देश-दुनिया के लिए कैसा रहेगा, आइए जानते हैं।

Hindu Nav Varsh- India TV Hindi
हिंदू नववर्ष Image Source : FREEPIK

Hindu Nav Varsh: हिंदू नववर्ष की शुरुआत हर साल चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से होती है। मान्यताओं के अनुसार इसी दिन ब्रह्मा जी ने सृष्टि की रचना की थी इसलिए हिंदू नववर्ष इसी दिन से शुरू होता है। हिंदू नववर्ष के पहले दिन से ही साल का राजा भी तय होता है और साल कैसा रहेगा इसकी भविष्यवाणी भी की जाती है। आइए ऐसे में जान लेते हैं कि हिंदू नववर्ष की शुरुआत कब से होने वाली है और इस साल के राजा और मंत्री कौन होंगे। 

हिंदू नववर्ष कब से शुरू होगा?

हिंदू नववर्ष यानि विक्रम संवत 2083 की शुरुआत मार्च के माह में 19 तारीख से होगी। 19 मार्च 2083 को गुरुवार का दिन है इसलिए हिंदू नववर्ष के राजा गुरु ग्रह ही होंगे। ऐसा इसलिए क्योंकि जिस दिन से हिंदू नववर्ष की शुरुआत होती है उस वार का स्वामी ही वर्ष का राजा होता है, ऐसे में गुरुवार से शुरू होने के कारण इस संवत के राजा भी देवगुरु बृहस्पति होंगे। वहीं हिंदू नववर्ष के मंत्री मंगल ग्रह होंगे। इस संवत का नाम रौद्र होगा। रौद्र नाम के इस संवत में कई परेशानियां देश-दुनिया में पैदा होने की बात कही जा रही है। आइए अब विस्तार से जान लेते हैं कि यह वर्ष कैसे प्रभाव देश-दुनिया में ला सकता है। 

रौद्र संवत 2083 का प्रभाव 

इस संवत में विभिन्न देशों के बीच राजनीतिक उथल-पुथल देखने को मिल सकती है। राष्ट्राध्यक्ष एक-दूसरे का विरोध करते देखे जा सकते हैं। युद्ध की स्थितियां भी इस संवत में बढ़ेंगी। आगजनी और दुर्घटनाएं इस साल में हो सकती हैं। रौद्र नाम इस संवत में बारिश भी कम होगी और फसलों के दाम भी बढ़ सकते हैं। विभिन्न देशों में जनता सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर सकती है। यानि कुल मिलाकर रौद्र नाम का यह संवत चुनौतियां पैदा करने वाला साबित हो सकता है। 

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)

ये भी पढ़ें:

Deepak Main Kaun si Bati Lagaye: दीपक में लंबी या गोल बाती? दोनों का है अलग महत्व, जानें किससे मिलेगा धन-शांति और सफलता का आशीर्वाद

Vastu Tips: घर में चमकेगा ही, सकारात्मक ऊर्जा से भी भर जाएगा; जानिए मिट्टी की चीजों को सही जगह रखने के वास्तु टिप्स

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। धर्म से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।