Shani Jayanti: शनि जयंती हर वर्ष ज्येष्ठ माह की अमावस्या तिथि को मनाई जाती है। न्याय के देवता शनि को प्रसन्न करने के लिए यह दिन बेहद खास माना जाता है। साल 2025 में ज्येष्ठ अमावस्या 27 मई को है। ज्येष्ठ अमावस्या तिथि की शुरुआत 26 मई की दोपहर से होगी और 27 मई को 8 बजकर 34 मिनट तक अमावस्या तिथि रहेगी। ऐसे में उदयातिथि की मान्यता के अनुसार 27 मई को ही शनि जयंती मनाई जाएगी। इस दिन लोग शनि देव को प्रसन्न करने के लिए पूजा और उपाय तो करते हैं लेकिन कुछ ऐसे कार्य भी हैं जिन्हें इस दिन करने से बचना चाहिए। आज हम आपको इसी बारे में जानकारी देंगे।
शनि जयंती पर न करें ये काम
- शनि जयंती के दिन आपको शनि देव से जुड़ी चीजों की खरीदारी करने से बचना चाहिए। इस दिन लोहा, तेल, काली दालें, काले कपड़े आदि आपको नहीं खरीदने चाहिए। हालांकि, इन चीजों का दान करने से आपको शुभ फलों की प्राप्ति हो सकती है।
- शनि जयंती के दिन आपको बाल, नाखून काटने से भी बचना चाहिए। इस दिन अपने सौंदर्य को बढ़ाने से ज्यादा आपको आध्यात्मिक और धार्मिक कार्यों में अपना मन लगाना चाहिए। नाखून, बाल काटने को धार्मिक दृष्टि से आत्मिक शुद्धि के विपरीत माना जाता है।
- इस दिन तामसिक भोजन का सेवन करने से भी आपको बचना चाहिए। मांस, मदिरा और लहसुन-प्याज से इस दिन दूरी बनानी चाहिए। अगर आप इन चीजों को खाने की गलती करते हैं तो शनि देव आपके जीवन में अड़चनें पैदा कर सकते हैं। उन लोगों को तो मासं-मदिरा से कोसों दूर रहना चाहिए जो शनि देव में आस्था रखते हैं।
- इस दिन आपको व्यवहार की शुद्धता भी बरतनी चाहिए। अपशब्दों का प्रयोग लड़ाई-झगड़ा करने से भी इस दिन दूर रहें। इसके साथ ही माता-पिता और गुरुजनों के साथ भी सभ्य व्यवहार करें।
- वैसे तो आपको कभी भी जानवरों पर अत्याचार नहीं करना चाहिए लेकिन शनि जयंती के दिन इस बात का विशेष ख्याल आपको रखना चाहिए। अगर आप ऐसा करते हैं तो शनि देव आपके जिंदगी में परेशानियां और चुनौती पैदा कर सकते हैं।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)