ब्रिटिश सेना ने गुरुवार को बताया कि संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के पूर्वी तट पर लंगर डाले एक जहाज को जब्त कर लिया गया है, जहाज ईरान जलक्षेत्र की ओर बढ़ रहा है। यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस सेंटर ने बताया कि उसे सूचना मिली है कि होर्मुज के पास, संयुक्त अरब अमीरात के फुजैरा बंदरगाह से 38 समुद्री मील (70 किलोमीटर, 44 मील) उत्तर-पूर्व में लंगर डाले हुए जहाज को अनाधिकृत व्यक्तियों ने अपने कब्जे में ले लिया। यूके एमटीओ ने गुरुवार को ज़ब्त किए गए जहाज का नाम नहीं बताया और कहा कि वह मामले की जांच कर रहा है। ज़ब्ती की जिम्मेदारी तत्काल किसी ने नहीं ली है।
ट्रंप के बीजिंग यात्रा के दौरान हुई जब्ती
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की बीजिंग यात्रा के दौरान चीनी नेता शी जिनपिंग से मुलाकात के दौरान ये ज़ब्ती हुई। दोनों नेताओं की बातचीत में ईरान के साथ युद्ध पर ध्यान केंद्रित होने की उम्मीद थी। ईरानी अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसियों ने बताया कि नए ईरानी प्रोटोकॉल के तहत बुधवार रात को चीनी जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने लगे। रिपोर्टों के अनुसार, चीन के विदेश मंत्री और ईरान में बीजिंग के राजदूत के अनुरोध के बाद तेहरान ने कई चीनी जहाजों के गुजरने की सुविधा देने पर सहमति जताई। ट्रंप के बुधवार शाम को चीन पहुंचने के साथ ही चीनी जहाजों ने होर्मुज पार करना शुरू कर दिया।
भारत के जहाज हाजी अली पर हमला, डूबा जहाज
भारत ने कहा कि बुधवार को सोमालिया से शारजाह जा रहे एक भारतीय ध्वज वाले मालवाहक जहाज हाजी अली पर हमले के बाद आग लग गई और वह ओमान के तट पर डूब गया। हालांकि, हमलावरों की पहचान नहीं बताई गई है। भारत के जहाजरानी मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी मुकेश मंगल के अनुसार, भारतीय ध्वज वाले मालवाहक जहाज हाजी अली पर हमला बुधवार को हुआ। उन्होंने बताया कि ओमान के तटरक्षक बल ने सभी 14 भारतीय चालक दल के सदस्यों को बचा लिया और वे सुरक्षित हैं। भारत के विदेश मंत्रालय ने इस घटना को "अस्वीकार्य" बताया और वाणिज्यिक जहाजों और नागरिक नाविकों पर लगातार हो रहे हमलों की निंदा की। मंत्रालय ने हमले को अंजाम देने वाले व्यक्ति की पहचान नहीं बताई।

ईरान ने अपने अधिकार का बचाव किया
ईरान के न्यायिक प्रवक्ता ने गुरुवार को सरकारी अखबार ईरान डेली को बताया कि होर्मुज में अमेरिका से जुड़े तेल टैंकरों को जब्त करने का ईरान को कानूनी और न्यायिक अधिकार है, क्योंकि अमेरिका ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री कानूनों का उल्लंघन किया है और समुद्री डकैती की है। प्रवक्ता असगर जहांगीर ने गुरुवार को जब्त किए गए टैंकर का स्पष्ट रूप से उल्लेख नहीं किया। आधिकारिक समाचार एजेंसी आईआरएनए के अनुसार, ईरान ने पिछले सप्ताह कई जहाजों को जब्त किया, जिनमें ओशन कोई नामक एक टैंकर भी शामिल था।
एजेंसी का कहना है कि ये टैंकर तेल निर्यात और ईरानी हितों को बाधित करने का प्रयास कर रहे थे। एजेंसी ने बताया कि टैंकर को ओमान की खाड़ी में जब्त किया गया था और जब उस पर कब्जा किया गया और उसे ईरान के दक्षिणी तट पर ले जाया गया, तब वह ईरानी तेल ले जा रहा था। अमेरिका ने फरवरी में ओशन कोई पर प्रतिबंध लगाया था, क्योंकि यह ईरानी तेल का परिवहन करने वाले एक "गुप्त बेड़े" का हिस्सा था।
(इनपुट-एपी)