दमिश्क: दमिश्क के एक उपनगर में हुए दो बम विस्फोटों में कम से कम आठ लोग मारे गए। यह सीरिया की सबसे पवित्र शिया दरगाह है। एक आत्मघाती हमले और एक कार बम विस्फोट के चलते 13 अन्य लोग घायल हो गए। एक समाचार एजेंसी के मुताबिक, पहला बम विस्फोट उपनगर के प्रवेश पर हुआ, जहां हमलावर विस्फोटक बेल्ट पहन कर पहुंचा था जबकि कार बम विस्फोट दरगाह के समीप अल-टीन सड़क पर हुआ।
गोल्डन गुंबददार सैयद जैनब दरगाह पैगंबर मुहम्मद की पोतियों में से एक की कब्र है और गृह युद्ध के बावजूद कई शिया तीर्थयात्री यहां पहुंचते हैं। सीरिया में हुए गृह युद्ध के पांच वर्ष से अधिक समय में 250,000 से अधिक लोग मारे गए हैं और 1.1 करोड़ लोग अपने घरों से भाग गए। इससे पहले भी सीरिया में कईं ऐसे बम धमाके हो चुके हैं पिछले दिनों सीरिया में सरकार के प्रभाव वाले दो इलाकों में सोमवार को हुए बम विस्फोटों में 148 से अधिक लोग मारे गए थे। आतंकवादी संगठन इस्लामिक स्टेट (IS) ने इन हमलों की जिम्मेदारी ली थी। 'सीरियन ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स' के अनुसार जाबलेह और तारतूस में 7 धमाके हुए, जिनमें से अधिकतर आत्मघाती हमले थे।
ऑब्जर्वेटरी के प्रमुख रामी अब्दुल रहमान ने कहा कि सीरिया में मार्च, 2011 में संघर्ष शुरू होने के बाइ इन दोनों शहरों में ये निसंदेह सबसे बड़े जानलेवा हमले थे। दोनों शहरों में एक साथ बम विस्फोट हुए।