इस्लामाबाद: पाकिस्तान के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति आरिफ अल्वी ने सोमवार को संसद के संयुक्त सत्र में अपने पहले ही भाषण में कश्मीर राग अलापा। उन्होंने कश्मीर मुद्दे पर बोलते हुए कहा कि कि कश्मीरी लोगों को ‘आत्म निर्णय’ का अधिकार हैं। यही नहीं, उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से मदद की अपील तक कर दी। पाकिस्तान के नवनियुक्त राष्ट्रपति ने साथ ही कहा कि भारत के साथ पाकिस्तान शांतिपूर्ण संबंध चाहता है। अल्वी प्रधानमंत्री इमरान खान की पाकिस्तना तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी के संस्थापक सदस्यों में से एक हैं।
Related Stories
संसद में अपने पहले भाषण में अल्वी ने कहा,‘हम कश्मीर मुद्दे का शांतिपूर्ण ढ़ंग से समाधान चाहते हैं और इसके लिए प्रयास जारी रखेंगे। कश्मीरी लोगों को आत्म-निर्णय का अधिकार है और मैं अंतरराष्ट्रीय समुदाय से मदद करने का आग्रह करता हूं।’ प्रधानमंत्री इमरान खान के एक करीबी सहयोगी और सत्तारूढ़ पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी के संस्थापक सदस्यों में से एक अल्वी ने संसद के संयुक्त सत्र में पहली बार सांसदों को संबोधित किया। वह 9 सितंबर को पाकिस्तान के 13वें राष्ट्रपति बने थे।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्होंने कहा कि कश्मीर मुद्दे को लेकर एक-दूसरे पर दोषारोपण करने में शामिल होने के बजाय वह चाहेंगे कि सरकार ‘प्रत्येक स्तर पर अपने प्रयासों को जारी रखे।’ राष्ट्रपति ने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच संबंधों को सुधारना महत्वपूर्ण है। पाकिस्तान कश्मीर के संबंध में अपने प्रयासों को जारी रखेगा। अल्वी ने कहा,‘हम सभी आवश्यक कदम उठायेंगे और उन्हें (कश्मीर) उनके अधिकारों से वंचित नहीं किया जाए।’