पश्चिम एशिया में तनाव अपने चरम पर है। ईरान अपने ऊपर हुए हमलों पर लगातार पलटवार कर रहा है। इजरायल के अहम ठिकानों पर मिसाइल दागकर उसने एक बार फिर यह अहसास दिला दिया है कि बड़े नेताओं और टॉप कमांडर्स के मारे जाने के बाद भी उसकी ताकत को कम आंकना भूल होगी। इस बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट कर रहा है कि ईरान को मिटाने का भ्रम पालने वाले अपनी हताशा दिखा रहे हैं। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि होर्मुज़ स्ट्रेट उन सभी के लिए खुला है जो अंतरराष्ट्रीय नियमों का पालन करते हैं।
हमारी एकता और मजबूत हुई
पेजेश्कियान ने कहा-ईरान को नक्शे से मिटाने का भ्रम पालनेवाले हताश हो गए हैं। ईरान को डराने कोशिशें हमेशा उल्टी साबित हुई हैं। बाहर खतरों और आतंक ने ईरान की जनता को विभाजित करने के बजाय उनके बीच की एकता को और अधिक मजबूत किया है।
होर्मुज स्ट्रेट किनके लिए खुला रहेगा?
वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में से एक होर्मुज स्ट्रेट को लेकर पेजेश्कियान ने कहा कि यह मार्ग उन सभी के लिए खुला है जो अंतरराष्ट्रीय नियमों का पालन करते हैं, लेकिन उन लोगों के लिए इसके दरवाजे बंद हैं जो हमारी संप्रभुता का उल्लंघन करते हैं या हमारी मिट्टी को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करते हैं। यह बयान वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिहाज से बेहद संवेदनशील है, क्योंकि दुनिया का लगभग 20 फीसदी कच्चा तेल इसी संकीर्ण समुद्री मार्ग से होकर गुजरता है।
48 घंटे का अल्टीमेटम
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि अगर ईरान 48 घंटे के भीतर होर्मुज स्ट्रेट को पूरी तरह नहीं खोला तो अमेरिका उसके ऊर्जा संयंत्रों को नेस्तनाबूद कर देगा। ट्रंप ने यह चेतावनी फ्लोरिडा में वीकेंड बिताने के दौरान सोशल मीडिया पर पोस्ट के जरिए दी। उन्होंने कहा कि ईरान को इस अहम जलमार्ग को खोलने के लिए ठीक 48 घंटे का समय दिया जा रहा है, अन्यथा उसे नए हमलों का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि अमेरिका ''विभिन्न ऊर्जा संयंत्रों को नष्ट कर देगा और इसकी शुरुआत सबसे बड़े संयंत्र से होगी।'' तेल की कीमतों में तेजी के बीच ट्रंप पर होर्मुज स्ट्रेट को सुरक्षित कराने का दबाव बढ़ता जा रहा है।