1. Hindi News
  2. विदेश
  3. एशिया
  4. Iran US War के बीच इस्लामाबाद में मुस्लिम राष्ट्रों की बड़ी बैठक, सऊदी अरब, मिस्र और तुर्की के विदेश मंत्रियों का जमावड़ा

Iran US War के बीच इस्लामाबाद में मुस्लिम राष्ट्रों की बड़ी बैठक, सऊदी अरब, मिस्र और तुर्की के विदेश मंत्रियों का जमावड़ा

 Published : Mar 28, 2026 03:20 pm IST,  Updated : Mar 28, 2026 03:20 pm IST

ईरान-अमेरिका युद्ध के बीच पाकिस्तान ने इस्लामाबाद में कई अहम इस्लामिक राष्ट्रों के विदेश मंत्रियों की बैठक बुलाई है। इसमें पाकिस्तान के अलावा सऊदी अरब, तुर्की और मिस्र जैसे देश शामिल हैं।

पाकिस्तान (फाइल)- India TV Hindi
पाकिस्तान (फाइल) Image Source : AP

इस्लामाबाद: इजरायल-ईरान और अमेरिका युद्ध के बीच इस्लामाबाद में इस्लामिक राष्ट्रों की बड़ी बैठक आहूत की गई है। पाकिस्तान, सऊदी अरब, मिस्र और तुर्की के विदेश मंत्रियों की मेजबानी करने जा रहा है। इनकी मुलाकात में पश्चिम एशिया (वेस्ट एशिया)में ईरान युद्ध के बीच तनाव कम करने के प्रयासों समेत कई मुद्दों पर चर्चा होगी। विदेश कार्यालय ने शनिवार को यह जानकारी दी।

सऊदी, तुर्की और मिस्र के विदेश मंत्रियों का जमावड़ा

पाकिस्तान के उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री इशाक डार के निमंत्रण पर सऊदी अरब के विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान अल सऊद, तुर्की के विदेश मंत्री हाकान फिदान और मिस्र के विदेश मंत्री बद्र अब्देलअत्ती रविवार और सोमवार को इस्लामाबाद आएंगे। विदेश कार्यालय ने कहा कि इस यात्रा के दौरान तीनों विदेश मंत्री क्षेत्रीय तनाव कम करने के प्रयासों सहित विभिन्न मुद्दों पर गहन चर्चा करेंगे। मेहमान नेता प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से भी मुलाकात करेंगे। विदेश कार्यालय ने आगे कहा कि पाकिस्तान अपने भाईचारे वाले देशों सऊदी अरब, तुर्की और मिस्र के साथ अपने संबंधों को बहुत महत्व देता है। यह यात्रा इन देशों के साथ पाकिस्तान के सहयोग और समन्वय को और मजबूत करने का अवसर प्रदान करेगी। 

तुर्की के बाद इस्लामाबाद में फिक्स हुआ बैठक का स्थान

जियो न्यूज ने रिपोर्ट किया कि यह बैठक पहले तुर्की में होने वाली थी, लेकिन इशाक डार की व्यस्तता के कारण उन्होंने नेताओं से अनुरोध किया कि वे इस्लामाबाद आएं। डार ने कहा, "बैठक तुर्की में होने वाली थी, लेकिन मेरी व्यस्तता के कारण मैंने अपने भाइयों से अनुरोध किया कि वे कल (रविवार) इस्लामाबाद में मिलें।" उप प्रधानमंत्री ने कहा कि पाकिस्तान चल रहे विवादों को सुलझाने के लिए "ईमानदारी और निष्ठा" के साथ काम कर रहा है। डार ने कहा कि ईरान के साथ बातचीत जारी है, लेकिन वार्ता की संवेदनशील प्रकृति के कारण अधिकारी सार्वजनिक बयान देने से परहेज कर रहे हैं। पाकिस्तान ने गुरुवार को कहा था कि वह क्षेत्र और उससे बाहर के सभी हितधारकों के साथ "सक्रिय और रचनात्मक रूप से जुड़ा हुआ" है ताकि ईरान युद्ध को शांतिपूर्ण तरीके से समाप्त किया जा सके।

पाकिस्तान बन रहा मध्यस्थ

पाकिस्तान विदेश कार्यालय के प्रवक्ता ताहिर अंद्राबी ने इस्लामाबाद में इस सप्ताहांत प्रत्यक्ष वार्ता की किसी भी संभावना की स्पष्ट पुष्टि नहीं की। प्रवक्ता ने कहा कि पाकिस्तान ने क्षेत्रीय हितधारकों और क्षेत्र से बाहर के पक्षों के साथ "सक्रिय और रचनात्मक रूप से जुड़ाव बनाए रखा है तथा तत्काल डी-एस्केलेशन, शत्रुता समाप्त करने और शांतिपूर्ण समाधान की ओर अपरिवर्तनीय रास्ता अपनाने की लगातार वकालत की है।" पाकिस्तान ने अमेरिका और ईरान के बीच संदेश पहुंचाने की भी पुष्टि की। उसने कहा कि संवाद और कूटनीति ही पश्चिम एशिया संघर्ष को समाप्त करने का एकमात्र रास्ता है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Asia से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश