1. Hindi News
  2. विदेश
  3. अमेरिका
  4. ट्रंप के दिए झटके से 'कंगाली' की कगार पर यूएन, गुटेरेस ने दुनिया के देशों से की ये अपील

ट्रंप के दिए झटके से 'कंगाली' की कगार पर यूएन, गुटेरेस ने दुनिया के देशों से की ये अपील

 Published : Jan 31, 2026 07:06 am IST,  Updated : Jan 31, 2026 07:06 am IST

संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने चेताया कि सदस्य देशों के बकाया भुगतान न मिलने पर जुलाई तक संगठन का बजट खत्म हो सकता है। अमेरिका पर सबसे ज्यादा बकाया है, जिससे UN के कामकाज और शांति अभियानों पर बड़ा खतरा मंडरा रहा है।

United Nations financial crisis, UN budget shortfall, Antonio Guterres warning- India TV Hindi
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस। Image Source : AP

संयुक्त राष्ट्र: संयुक्त राष्ट्र के प्रमुख एंटोनियो गुटेरेस ने चेतावनी दी है कि अगर वित्तीय नियमों में बदलाव नहीं किया गया या सभी 193 सदस्य देशों ने अपने बकाए का पूरा भुगतान नहीं किया तो UN को 'जल्द ही कंगाली' का सामना करना पड़ सकता है। माना जा रहा है कि गुटेरेस ने ये बात अमेरिका को निशाने पर लेकर कही है जिसके ऊपर संयुक्त राष्ट्र का अरबों डॉलर बकाया है। संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने सभी सदस्य देशों को लिखे एक पत्र में कहा कि संगठन को चलाने का बजट जुलाई तक खत्म हो सकता है, जिसके बाद इसके कामकाज पर बड़ा असर पड़ेगा।

अमेरिका पर है UN का सबसे ज्यादा बकाया

पत्र में गुटेरेस ने लिखा, 'या तो सभी सदस्य देश अपने दायित्वों का सम्मान करें और पूरा भुगतान समय पर करें, या सदस्य देशों को हमारे वित्तीय नियमों में मौलिक बदलाव करना होगा ताकि तत्काल वित्तीय पतन को रोका जा सके।' गुटेरेस ने पत्र में किसी देश का नाम नहीं लिया, लेकिन वित्तीय संकट ऐसे समय आया है जब संगठन के सबसे बड़े दानकर्ता अमेरिका ने संयुक्त राष्ट्र के प्रति अपनी देनदारी से किनारा कर लिया है। संयुक्त राष्ट्र के एक अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर कहा कि अमेरिका का संयुक्त राष्ट्र के सामान्य बजट में 2.196 अरब डॉलर का बकाया है, साथ ही इस साल के लिए 767 मिलियन डॉलर और बकाया होगा।

बकायेदारों की लिस्ट में दूसरे नंबर पर वेनेजुएला

बता दें कि अमेरिका के शांति रक्षा अभियानों के अलग बजट में भी 1.8 अरब डॉलर का बकाया है, और यह राशि भी बढ़ेगी। बकाया न चुकाने वाले देशों की सूची में दूसरा स्थान वेनेजुएला का है, जिसके ऊपर 38 मिलियन डॉलर का बकाया है। इस देश की अर्थव्यवस्था पहले से ही संकट में थी, और इस महीने अमेरिकी सैन्य छापे के बाद तत्कालीन राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को सत्ता से हटा दिया गया। 2 साल से बकाया होने की वजह से वेनेजुएला ने महासभा में अपना मतदान अधिकार खो दिया है। गुटेरेस ने कहा कि 2025 के अंत में संयुक्त राष्ट्र की बकाया राशि रिकॉर्ड 1.568 अरब डॉलर तक पहुंच गई, जो कि 2024 के अंत में बकाया राशि से दोगुनी है।

ट्रंप प्रशासन ने पिछले साल कोई बकाया नहीं चुकाया

संयुक्त राष्ट्र के अधिकारी ने बताया कि ट्रंप प्रशासन ने पिछले साल कोई बकाया नहीं चुकाया। बकाये की रकम इतनी ज्यादा हो गई है कि UN के सारे लिक्विड फंड लगभग खत्म हो चुके हैं। गुटेरेस ने कहा कि अगर भुगतान में बड़ा सुधार नहीं हुआ, तो संयुक्त राष्ट्र दिसंबर में महासभा के 193 सदस्यों द्वारा सर्वसम्मति से मंजूर 3.45 अरब डॉलर के 2026 के सामान्य बजट को पूरा नहीं कर पाएगा। महासचिव ने यह भी कहा कि संयुक्त राष्ट्र के वित्तीय नियमों के तहत, संगठन को सामान्य बजट से खर्च न हुए पैसे को सदस्य देशों को वापस लौटाना पड़ता है, भले ही वह पैसा भुगतान के रूप में कभी प्राप्त न हुआ हो। उन्होंने सदस्य देशों से अपील की कि इस नियम को भी बदला जाए।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। US से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश