मंगलुरु: कर्नाटक के मंगलुरु में 78 लाख के बड़े साइबर फ्रॉड का खुलासा हुआ है। पुलिस ने इस मामले में एक्शन लेते हुए साइबर धोखाधड़ी करने के आरोपी वासुदेवन आर को अरेस्ट कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी वासुदेवन आर लोगों की समस्याएं सुलझाने के नाम पर बरगलाता था और उनसे डिजिटल माध्यम से पैसे ऐंठ लेता था। इस खबर में पढ़िए वासुदेवन आर और उसके साइबर फ्रॉड का पूरा मामला क्या है?
पर्सनल समस्याएं सुलझाने के नाम पर फ्रॉड
मंगलुरु पुलिस ने बताया कि आरोपी ने अनुष्ठान के जरिए लोगों की पर्सनल समस्याओं को तत्काल हल करने का दावा करता था। इसके लिए उसने इंस्टाग्राम पर एक अकाउंट भी बनाया और वहीं लोगों की समस्याएं सुलझाने के नाम पर लोगों को अपने जाल में फंसाता था। आरोपी बातचीत के जरिए लोगों से संपर्क करता था और उनकी पर्सनल परेशानी की जानकारी लेता था। इसके बाद वह समस्या सुलझाने का दावा करके पैसे ठग लेता था।
कैसे पकड़ा गया साइबर फ्रॉड का आरोपी?
पुलिस के मुताबिक, इस साइबर फ्रॉड केस में दक्षिण कन्नड़ जिले के साइबर अपराध थाने में आरोपी वासुदेवन आर के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था। जांच के बाद पुलिस ने बेंगलुरु के यशवंतपुर के रहने वाले आरोपी वासुदेवन आर को मंगलवार को गिरफ्तार किया। इसके बाद बुधवार को आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।
साइबर फ्रॉड होने पर कहां करें शिकायत?
जान लें कि पुलिस ने आरोपी वासुदेवन आर के कब्जे से 4 मोबाइल फोन और 20 हजार 300 रुपये कैश बरामद किया है। अगर आपके साथ भी साइबर फ्रॉड होता है तो आप नेशनल साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करके शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
(इनपुट- भाषा)
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