मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने प्रभु श्री राम, माता सीता और मां लक्ष्मी को खीर का भोग लगाकर पारंपरिक ‘खीर सेरेमनी’ के साथ दिल्ली सरकार के दूसरे बजट सत्र की शुरुआत की। इस अवसर पर डॉक्टरों, किन्नर समुदाय, किसानों, स्कूल की बालिकाओं, मंत्रियों और विधायकों को खीर परोसी गई, जो बजट की दिशा और विजन तय करने वाली समावेशी भावना को दर्शाता है।
हर व्यक्ति तक अवसरों का विस्तार
मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली का हर वर्ग विकास यात्रा का सहभागी है। यह परंपरा हमारी सांस्कृतिक सोच का प्रतीक है, जहां समृद्धि का अर्थ केवल संसाधनों की वृद्धि नहीं, बल्कि हर व्यक्ति तक अवसरों का विस्तार है।
विकसित दिल्ली के विजन को आगे बढ़ाएगा ये बजट
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि आस्था और उत्तरदायित्व के इस संगम के साथ आने वाला बजट विकसित दिल्ली के विजन को आगे बढ़ाएगा, जिसमें बुनियादी ढांचा, स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार और सुगम जीवन के नए आयाम जुड़ेंगे, और विकास का लाभ अंतिम पंक्ति तक पहुंचेगा।
लोक-कल्याणकारी घोषणाओं का हो सकता है ऐलान
सत्र के दौरान सरकार अपनी प्राथमिकताओं, विकास योजनाओं और लोक-कल्याणकारी घोषणाओं को सामने रखेगी। बजट सत्र में विभागवार अनुदान मांगों पर चर्चा के साथ-साथ महत्वपूर्ण विधेयक भी पेश किए जा सकते हैं।