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Republic Day: गणतंत्र दिवस पर जानें आजादी से लेकर अब तक Constitution ने हमें कौन-कौन से दिए अधिकार, जानें यहां

 Published : Jan 26, 2024 11:46 am IST,  Updated : Jan 26, 2024 11:46 am IST

आज भारत अपना 75वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। ऐसे मौके पर जानें कि आजादी से लेकर अब तक संविधान ने हमें कौन-कौन से अधिकार दिए हैं?

Republic Day- India TV Hindi
Republic Day Image Source : FILE

Republic Day 2024: आज पूरा देश गणतंत्र दिवस मना रहा है। हर साल इस दिन को बड़े ही हर्षोउल्लास के साथ मना रहा है। इस साल भी पूरा देश बड़े ही उत्साह के साथ गणतंत्र दिवस को मना रहा है। इस साल गणतंत्र दिवस पर फ्रांस के राष्ट्रपति चीफ गेस्ट बनकर आए हैं।  वहीं, तीनों सेनाएं परेड में अपना दमखम दिखा रही हैं। इस दौरान राष्ट्रपति मूर्मु और पीएम मोदी भी मौजूद हैं। आज ही के दिन 26 जनवरी 1950 को देश का संविधान लागू हुआ था। आइए जानते हैं कि आजादी से लेकर अब तक संविधान ने कौन-कौन से अधिकार दिए है?

1951 में हुआ पहला संशोधन 

साल 1951 में देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के कार्यकाल में संविधान में पहला संशोधन हुआ। इस संशोधन में राज्यों को सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग की उन्नति के लिए विशेष प्रावधान करने का अधिकार दिया गया।

1956 में राज्यों का पुनर्गठन

फिर साल 1956 में नेहरू सरकार ने संविधान में संशोधन कर राज्यों के वर्गों ए, बी, सी और डी जैसे कैटेगरी को खत्म किया और केंद्रशासित प्रदेशों की शुरुआत की। इस अधिनियम में सभी राज्यों को सूचीबद्ध किया गया व उन्हें भाषाई आधार पर बांटा गया।

1985 दलबदल रोकने के लिए कानून

संविधान के 52वें संशोधन के तहत दलबदल को रोकने के लिए कानून लाया गया। इसमें पार्टियों में शामिल होने वाले सांसदों और विधायकों को दलबदल करने पर अयोग्य घोषित करने की व्यवस्था की गई।

1976 समाजवादी, धर्मनिरपेक्षता शब्द जोड़े गए

संविधान के 42वें संशोधन के तहत प्रस्तावना में संशोधन किया गया। इसमें समाजवादी और धर्मनिरपेक्षता और अखंडता 3 नए शब्द जोड़े गए। प्रस्तावना में कहा गया कि भारत समाजवादी और धर्मनिरपेक्ष होगा। साथ ही इस बात पर भी जोर दिया गया कि इसकी एकता के अलावा, राष्ट्र की अखंडता भी सुनिश्चित की जाएगी।

2002 शिक्षा को मौलिक अधिकार बनाया गया

संविधान बनाने वालों ने शिक्षा को मौलिक अधिकार नहीं बनाया था। इसके बाद साल 2002 में शिक्षा के अधिकार को 6-14 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए मौलिक अधिकार बना दिया गया, जिसके फलस्वरूप शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 आया है।

2016 में जीएसटी कानून

मोदी सरकार ने साल 2016 में 101वां संविधान संशोधन किया, जिसमें अंतरराज्यीय व्यापार में वस्तु एवं सेवा कर(जीएसटी) के संबंध में कानून बनाने को आर्टिकल 246 में बदलाव किया गया।

2019 आर्थिक रूप से कमजोर को रिजर्वेशन

संविधान के 103वें संशोधन के तहत आर्थिक मानदंडों पर विश्वविद्यालयों व नौकरियों में रिजर्वेशन देने का प्रावधान किया गया। केंद्र ने हर राज्य में पंचायतों और नगर पालिकाओं के निर्माण को अनिवार्य करते हुए 73वें व 74वें संशोधन को पेश कर पास किया। पंचायती राज संस्थानों को संवैधानिक दर्जा और संरक्षण दिया। रिजर्वेशन की व्यवस्था भी लागू की गई जिससे सभी को प्रतिनिधित्व मिले।

संविधान से जुड़े अन्य फैक्ट

संविधान में 25 भाग, 448 लेख, 12 अनुसूचियां और पांच परिशिष्ट हैं

लागू करने के बाद से अब तक संविधान में 106 संशोधन किए जा चुके हैं (सितंबर 2023 तक)

इसमें देश के नागरिकों के लिए 6 मौलिक अधिकार और 11 कर्तव्य हैं।

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