नई दिल्ली: स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जहां एक ओर भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले पर झंडा फहराकर पूरे देश को संबोधित किया, वहीं दूसरी ओर असम के तिनसुकिया में सीरियल ब्लास्ट हुआ। यह धमाका तिनसुकिया जिले में लाइपुली, फुलीबाड़ी और दुमदुमा हुआ। लाइपुली में यह धमाका आर्मी कैंप के पास हुआ। चारों ही ब्लास्ट में अबतक हताहत की कोई खबर नहीं है। सभी धमाकों के पीछे उल्फा उग्रवादियों का हाथ होने की खबरें सामने आ रही है।
पुलिस के अनुसार तिनसुकिया के बाहरी इलाके लैपुली के इंदिरा गांधी स्कूल के निकट सुबह 7.15 बजे आईईडी विस्फोट हुआ। इसके बाद डूमडूमा इलाके के बदलाभाटा चाय बागान के लाइन नंबर 6 में दूसरा धमाका हुआ। तीसरा विस्फोट मसूवा इलाके में हुआ। पुलिस का कहना है कि चौथा धमाका फिलोबरी के गमतुमाटी इलाके में हुआ । इसी इलाके के बाहबोन गांव में उल्फा-आई के उग्रवादियों ने 12 अगस्त की रात दो लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी थी और छह अन्य लोगों को घायल कर दिया था।
तिनसुकिया के बाद असम के शिवसागर जिले में बम धमाका। धमाके में किसी के हताहत होने की खबर नहीं। यह लेकर अब तक असम में सुबह से चौथा धमाका हो चुका है। असम के साथ-साथ श्रीनगर में धमाके हुआ है। आतंकवादी हमले में केंद्रीय रिजर्व पुलिसबल (CRPF) के 6 जवान घायल हो गए। एक पुलिस अधिकारी ने बताया, "आतंकवादियों ने खानयार क्षेत्र में सीआरपीएफ चौकी पर हमला किया।" श्रीनगर में कर्फ्यू के बावजूद हमला हुआ है।