इंफाल: मणिपुर के उप मुख्यमंत्री गइखंगम मंगलवार को तामेंगलोंग जिले में एक जनजातीय आतंकी संगठन के घात लगाकर किए गए जानलेवा हमले में बाल-बाल बच गए। हमला तामेंगलोंग जिले के नामकलोंग में सुबह करीब 10.30 बजे किया गया, जहां गइखंगम एक चुनावी सभा को संबोधित करने जा रहे थे। गइखंगम राज्य के गृहमंत्री भी हैं।
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पुलिस ने कहा कि आतंकवादी समूह ने मंत्री के काफिले पर दो जगहों पर गोलीबारी की। इस गोलीबारी में एक पुलिस कमांडो वाई. दिनेश को दाहिने जांघ में चोट आई। पुलिस ने कहा कि हमले के बाद गइखंगम का काफिला कई मिनट तक फंसा रहा। गृहमंत्री और उनका दल अतिरिक्त सुरक्षाबलों के पहुंचने पर सभास्थल की ओर रवाना हुआ।
व्यापक सुरक्षा इंतजाम के साथ गइखंगम ने अपने निर्वाचन क्षेत्र के खोउपुम में चुनावी सभा को संबोधित किया। पुलिस ने कहा कि आतंकवादी समूह के कुछ कार्यकर्ताओं ने ग्रामीणों को सोमवार को चुनावी सभा में भाग नहीं लेने की चेतावनी दी थी।
कुछ साल पहले गइखंगम उन निर्वाचित जनजातीय प्रतिनिधियों में थे जिन पर कथित तौर पर नागा एकीकरण की मांग वाले ज्ञापन पर हस्ताक्षर का दबाव बनाया गया था। गइखंगम ने बाद में कहा था कि उन्होंने इस पर दबाव के तहत हस्ताक्षर किया था।
गइखंगम नेशनलिस्ट सोशलिस्ट काउंसिल ऑफ नागालैंड (एनएससीएन-आईएम) के मुखर विरोधी रहे हैं। कुछ महीने पहले गइखंगमम व कुछ अन्य मंत्रियों पर उखरुल जिले में हथियार बंद आतंकियों ने हमला किया था।