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'उत्तराखंड धर्म संसद' भड़काऊ मामले में एक और FIR, यति नरसिंहानंद, वसीम रिजवी समेत इन लोगों पर कसा कानूनी शिकंजा

धर्म संसद में भड़काऊ बयान देने वालों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग को लेकर मुसलमानों ने शुक्रवार और शनिवार को देहरादून और हरिद्वार में विरोध मार्च निकाला। 

IndiaTV Hindi Desk Written by: IndiaTV Hindi Desk
Published on: January 03, 2022 14:00 IST
'उत्तराखंड धर्म संसद' - India TV Hindi
Image Source : PTI 'उत्तराखंड धर्म संसद' भड़काऊ मामले में एक और FIR, यति नरसिंहानंद, वसीम रिजवी समेत इन लोगों पर कसा कानूनी शिकंजा

Highlights

  • एफआईआर में दस लोगों के नाम हैं
  • एफआईआर ज्वालापुर पुलिस स्टेशन में दर्ज की गई
  • जांच के लिए एक एसआईटी का गठन किया गया है

हरिद्वार में आयोजित एक धर्म संसद के संबंध में 10 लोगों के खिलाफ दूसरी एफआईआर दर्ज की गई है। इस धर्म संसद में कथित तौर पर मुसलमानों के खिलाफ कुछ प्रतिभागियों द्वारा द्वेषपूर्ण बयान दिया गया था। 

ज्वालापुर के वरिष्ठ उपनिरीक्षक नितेश शर्मा ने बताया कि मामले में दूसरी एफआईआर रविवार को हरिद्वार के ज्वालापुर थाने में क्षेत्र के निवासी नदीम अली की शिकायत के आधार पर दर्ज की गयी। उन्होंने कहा कि दूसरी एफआईआर में दस लोगों के नाम हैं जिनमें कार्यक्रम के आयोजक यति नरसिम्हानंद गिरि, जितेंद्र नारायण त्यागी (जिन्हें पहले वसीम रिज़वी के नाम से जाना जाता था), सिंधु सागर, धर्मदास, परमानंद, साध्वी अन्नपूर्णा, आनंद स्वरूप, अश्विनी उपाध्याय, सुरेश चव्हाण और प्रबोधानंद गिरी शामिल हैं। 

अधिकारी ने कहा कि एफआईआर ज्वालापुर पुलिस स्टेशन में दर्ज की गई और नगर पुलिस थाने में स्थानांतरित कर दी गई जहां मामले के संबंध में पहली एफआईआर दर्ज की गई थी। मामले की जांच के लिए रविवार को एक विशेष जांच दल का भी गठन किया गया था। उत्तराखंड की भाजपा सरकार पर 16 से 19 दिसंबर तक हरिद्वार में आयोजित धर्म संसद में मुसलमानों के खिलाफ दुर्भावनापूर्ण बयान देने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने का जबरदस्त दबाव है। 

धर्म संसद में भड़काऊ बयान देने वालों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग को लेकर मुसलमानों ने शुक्रवार और शनिवार को देहरादून और हरिद्वार में विरोध मार्च निकाला। 

(पीटीआई इनपुट के साथ)

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