कविंदर गुप्ता ने लद्दाख के लेफ्टिनेंट गवर्नर का पद संभालने के करीब नौ महीने बाद ही अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। गुप्ता ने 18 जुलाई, 2025 को शपथ ली थी और वे केंद्र शासित प्रदेश के तीसरे उपराज्यपाल बने थे। वह जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री, विधानसभा स्पीकर और जम्मू के मेयर रह चुके हैं। ब्रिगेडियर (सेवानिवृत्त) बी.डी. मिश्रा के इस्तीफे के बाद कविंदर गुप्ता को लद्दाख का उपराज्यपाल बनाया गया था।
लद्दाख के अलावा पश्चिम बंगाल के उपराज्यपाल ने भी अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने गुरुवार शाम नई दिल्ली में अपने पद से इस्तीफा दिया। 17 नवंबर, 2022 को बंगाल के राज्यपाल नियुक्त किए गए बोस ने बताया, ''हां, मैंने इस्तीफा दे दिया है। मैं साढ़े तीन साल तक बंगाल का राज्यपाल रहा हूं। मेरे लिए इतना ही काफी है।''
कविंदर गुप्ता या सीवी आनंद बोस ने अचानक इस्तीफा देने के कारणों का खुलासा नहीं किया और न ही यह बताया कि क्या कोई राजनीतिक दबाव था, जिसके कारण उन्होंने यह निर्णय लिया। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पुष्टि की कि बोस के इस्तीफा देने के बाद तमिलनाडु के राज्यपाल एवं पूर्व उप राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) आर एन रवि पश्चिम बंगाल के राज्यपाल का अतिरिक्त प्रभार सभालेंगे। बनर्जी ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर लिखा, ''मुझे केंद्रीय गृह मंत्री (अमित शाह) से पता चला है कि आरएन रवि बंगाल के राज्यपाल के रूप में सीवी आनंद बोस का स्थान लेंगे।''
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