भारतीय ऑटोमोबाइल बाजार में मिडसाइज SUV सेगमेंट हमेशा से सबसे कड़ा मुकाबला देखने वाला रहा है। लेकिन वित्त वर्ष 2026 (FY26) के जो ताज़ा आंकड़े सामने आए हैं, उन्होंने साफ़ कर दिया है कि इस सेगमेंट का असली सुल्तान कौन है। हुंडई क्रेटा (Hyundai Creta) ने एक ऐसा रिकॉर्ड कायम किया है जिसे तोड़ना अब प्रतिद्वंदियों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। क्रेटा भारत की इकलौती मिडसाइज SUV बन गई है जिसने एक ही वित्त वर्ष में 2 लाख बिक्री का जादुई आंकड़ा पार किया है।
FY26 में हुंडई क्रेटा की कुल 2,01,921 यूनिट्स बिकीं, जो इसे अपने सेगमेंट की नंबर-1 SUV बनाती है। यह पिछले साल के मुकाबले 3.6% की बढ़त है। खास बात यह है कि यह अपने सेगमेंट में 2 लाख का आंकड़ा पार करने वाली इकलौती कार रही और करीब 16.5% मार्केट शेयर हासिल किया।
इंजन ऑप्शन की भरमार बनी सफलता की वजह
क्रेटा की सफलता के पीछे सबसे बड़ा कारण इसके कई इंजन ऑप्शन हैं। इसमें 1.5 लीटर पेट्रोल, 1.5 लीटर टर्बो पेट्रोल और 1.5 लीटर डीजल इंजन के विकल्प मिलते हैं। इसके अलावा अलग-अलग ट्रांसमिशन ऑप्शन भी ग्राहकों को मिलते हैं, जिससे हर तरह के ग्राहक को अपनी पसंद का मॉडल चुनने का मौका मिलता है।
इलेक्ट्रिक अवतार ने भी बढ़ाई ताकत
हाल ही में लॉन्च हुई हुंडई क्रेटा इलेक्ट्रिक ने भी कंपनी की बिक्री में अच्छा योगदान दिया है। इसमें 42 kWh और 51.4 kWh बैटरी पैक के ऑप्शन मिलते हैं, जो इसे भविष्य के लिहाज से और भी मजबूत बनाते हैं।
प्रतिद्वंदियों को पीछे छोड़ा
जहां किआ सेल्टॉस की बिक्री 83,747 यूनिट्स रही, वहीं मारुति सुजुकी ग्रैंड विटारा की बिक्री में गिरावट देखने को मिली। दूसरी ओर टोयोटा अर्बन क्रूज़र हाइराइडर ने जरूर अच्छी ग्रोथ दिखाई, लेकिन वह भी क्रेटा से काफी पीछे रहा।
महिंद्रा की गाड़ियों ने भी दिखाया दम
महिंद्रा स्कॉर्पियो ने 1.78 लाख यूनिट्स के साथ दूसरा स्थान हासिल किया, जबकि महिंद्रा थार और महिंद्रा बोलेरो ने भी शानदार प्रदर्शन किया।
कीमत भी है बड़ी वजह
क्रेटा की कीमत भी इसकी सफलता का एक बड़ा कारण है। इसका ICE मॉडल करीब ₹10.79 लाख से शुरू होकर ₹20.20 लाख तक जाता है, जबकि इलेक्ट्रिक वर्जन ₹18 लाख से ऊपर की रेंज में आता है।