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Eggoz के अंडों से कैंसर? सोशल मीडिया पर लगे इन आरोपों पर संस्थापक ने तोड़ी चुप्पी, जानें क्या कहा?

 Edited By: Sourabha Suman
 Published : Dec 11, 2025 07:12 pm IST,  Updated : Dec 11, 2025 07:14 pm IST

एक यूट्यूब चैनल ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया कि Eggoz के अंडों के नमूनों में AOZ नामक एक रसायन पाया गया, जो Nitrofuran एंटीबायोटिक का मेटाबोलाइट है। यह रसायन पोल्ट्री फार्मिंग में इस्तेमाल के लिए प्रतिबंधित है, क्योंकि इसके कैंसर से जुड़ने के संभावित खतरे हैं।

विवाद की शुरुआत एक वीडियो से हुई, जो यूट्यूब चैनल Trustified द्वारा जारी किया गया था।- India TV Hindi
विवाद की शुरुआत एक वीडियो से हुई, जो यूट्यूब चैनल Trustified द्वारा जारी किया गया था। Image Source : ऑफिशियल वेबसाइट

सोशल मीडिया पर इस हफ्ते कैंसरकारी अंडों से जुड़ी पोस्ट काफी वायरल है जिसके पीछे एक लोकप्रिय प्रीमियम अंडा ब्रांड, Eggoz Nutrition का नाम जुड़ा हुआ है, जो इस समय एक विवाद का केंद्र बन गया है। Eggoz Nutrition, जो ताजे और रासायनिक मुक्त अंडों की बिक्री के लिए जाना जाता है, अब एक बड़े विवाद में फंसा हुआ है। लेकिन अब इस बवाल पर Eggoz के संस्थापक अभिषेक नेगी ने चुप्पी तोड़ दी है। Eggoz Nutrition के संस्थापक ने सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे कैंसरकारी अंडों के आरोपों पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि वीडियो के माध्यम से फैली गलत जानकारी और डर का माहौल देखकर वे हैरान हैं।

दिया ये स्पष्टीकरण

अपने एक सोशल मीडिया पोस्ट में अभिषेक नेगी ने लिखा कि वीडियो के माध्यम से फैली गलत जानकारी और डर का माहौल देखकर वे हैरान हैं। उन्होंने कहा कि कंपनी पर जो विश्वास हमारे ग्राहकों ने पिछले छह वर्षों में बनाया है, वह हमारे और हमारे किसानों के कठिन परिश्रम का परिणाम है। और यह विश्वास अब आधी-अधूरी जानकारियों के कारण हिलता हुआ देखना अत्यंत निराशाजनक है। उन्होंने कहा कि मुझे यह साफ तौर पर कहना है कि जो गलत जानकारी फैलाई जा रही है और जिस डर का माहौल बनाया जा रहा है, उससे मैं शॉक्ड और गहरे रूप से निराश हूं। आप में से हजारों लोगों ने पिछले छह वर्षों में Eggoz पर विश्वास किया, क्योंकि हमने सिर्फ अच्छे अंडे के बारे में नहीं कहा, बल्कि उन्हें उपलब्ध कराने के लिए एक संपूर्ण सिस्टम बनाया। हम भारत में पहले ब्रांड थे जिन्होंने 11 सुरक्षा जांच, 100% हर्बल फीड और पूर्ण बैच-स्तरीय पारदर्शिता पेश की। यह विश्वास हमने कठिनाई से कमाया है और हमारे लिए यह अत्यंत महत्वपूर्ण है।

 
कोई एंटीबायोटिक इस्तेमाल नहीं किया जाता 

उन्होंने आगे कहा - तो मैं इसे एक बार फिर से साफ तौर पर कहता हूं, बिना किसी भ्रम के कि Eggoz के फार्मों पर कभी भी कोई एंटीबायोटिक चाहे वह प्रतिबंधित हो या न हो, का इस्तेमाल नहीं किया जाता है। प्रतिबंध का मतलब प्रतिबंध है। इसमें कोई बहस, कोई अपवाद, या कोई हल नहीं है। यह हमारा जीवन का काम है। हम उत्पाद या ईमानदारी में कोई समझौता नहीं करेंगे। संस्थापक ने यह भी कहा की Eggoz की स्थापना का उद्देश्य भारत में अंडों और पोषण की गुणवत्ता को बढ़ाना था और एक बड़ी अनब्रांडेड इंडस्ट्री को विज्ञान, सुरक्षा और पारदर्शिता के साथ व्यवस्थित करना था। हमारे फार्म पूरी तरह से ऑडिट और मॉनिटर किए जाते हैं। जो मूल्य आज हम खड़े हैं, वही वही मूल्य हैं जिन पर इस कंपनी की स्थापना हुई थी और हम इनसे एक इंच भी नहीं हटने वाले हैं।

कैसे हुई विवाद की शुरुआत

विवाद की शुरुआत एक वीडियो से हुई, जो यूट्यूब चैनल Trustified द्वारा जारी किया गया था। यह चैनल स्वास्थ्य उत्पादों को स्वतंत्र प्रयोगशालाओं में भेजकर उनकी परीक्षण रिपोर्ट जारी करता है। चैनल ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया कि Eggoz के अंडों के नमूनों में AOZ नामक एक रसायन पाया गया, जो Nitrofuran एंटीबायोटिक का मेटाबोलाइट है। यह रसायन पोल्ट्री फार्मिंग में इस्तेमाल के लिए प्रतिबंधित है, क्योंकि इसके कैंसर से जुड़ने के संभावित खतरे हैं। हालांकि, यह रसायन केवल 0.73 पीपीबी (पार्टस् पर बिलियन) की मात्रा में पाया गया, जो कि बेहद मामूली था, लेकिन इतना पर्याप्त था कि इसने 100% एंटीबायोटिक मुक्त होने का ब्रांड का वादा तोड़ दिया, जो कि Eggoz की पहचान थी। यह वीडियो और रिपोर्ट सोशल मीडिया पर वायरल हो गई, जिससे ब्रांड की प्रतिष्ठा को भारी धक्का लगा।

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