भारतीय स्टार्टअप्स की दुनिया बड़ी तेजी से बढ़ रहा है। यही वजह है कि भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़े स्टार्टअप इकोसिस्टम कह हैं। आधिकारिक आंकड़ों को देखें तो, भारत में 15 जनवरी, 2025 तक उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT) द्वारा मान्यता प्राप्त 1.59 लाख से ज्यादा स्टार्टअप हैं। इन स्टार्टअप्स में कई महिलाएं भी अपना मुकाम हासिल कर चुकी हैं और आज यह भारतीय स्टार्टअप्स की दुनिया में क्वीन्स कहा जताा है।
आकांक्षा विश्नोई, सह-संस्थापक, यसमैडम
आकांक्षा विश्नोई यसमैडम की सह-संस्थापक और कंपनी की सबसे कम उम्र की बैकबोन के तौर पर उन्हें जाना जाता है। यस मैडम एक टेक्नोलॉजी इनेबल्ड सैलून एट होम सेवा प्रदाता के रूप में विकसित हुई है। आकांक्षा 4,500 से अधिक महिला सेवा भागीदारों के नेटवर्क का नेतृत्व करती हैं, जो उन्हें वित्तीय स्वतंत्रता हासिल में सक्षम बनाती हैं।
विदिता कोचर, सह-संस्थापक, ज्वेलबॉक्स
विदिता कोचर ने 2022 में अपने भाई के साथ ज्वेलबॉक्स की स्थापना की। यह ब्रांड हाई लेवल जूलरी को सुलभ बनाकर लग्जरी को फिर से परिभाषित कर रहा है। ज्वेलबॉक्स को स्थापित करने से पहले, उन्होंने स्विगी के साथ भी काम किया। कंपनी लैब में तैयार किए गए हीरे के आभूषण बनाती है। लैब में बनाए गए हीरे को उसी तरह से वर्गीकृत किया जाता है जैसे खनन किए गए हीरे को किया जाता है।
मेघना अग्रवाल, इंडीक्यूब की सह-संस्थापक
मेघना अग्रवाल फ्लेक्स स्पेस स्टार्ट-अप इंडीक्यूब की सह-संस्थापक हैं। वह आज भारत में कॉमर्शियल एसेट के शीर्ष पर मौजूद कुछ महिलाओं में से एक हैं। इंडीक्यूब ने वित्त वर्ष 2024 में 113.3 करोड़ रुपये के नकद ईबीआईटी के साथ 867.6 करोड़ रुपये की कुल इनकम रिकॉर्ड की।
मीनाक्षी मेनन, जेनएस की संस्थापक
मीनाक्षी मेनन ने साल 2024 में जेनएस का सेट अप किया, जो 60 वर्ष और उससे अधिक आयु के लोगों के लिए एक टेक्निकल प्लटेफॉर्म है। मीनाक्षी ने जेनएस लाइफ की स्थापना की ताकि वरिष्ठ नागरिकों को उनके शारीरिक, मानसिक, भावनात्मक और सामाजिक कल्याण के लिए एक तकनीक-सक्षम सहायता प्रणाली उपलब्ध कराई जा सके। यह प्लेटफॉर्म स्वास्थ्य और कल्याण सेवाओं से लेकर वित्तीय नियोजन और वरिष्ठ-अनुकूल यात्रा विकल्पों तक सब कुछ प्रदान करता है।
रुचिका गुप्ता - संस्थापक और सीईओ, हेल्थ क्लिक अवे
रुचिका गुप्ता ने साल 2022 में स्थापित, हेल्थ क्लिक अवे स्वास्थ्य कोचों के लिए दुनिया का पहला AI-ऑपरेटेड मार्केट है। यह व्यक्तिगत, बजट-अनुकूल कल्याण समाधान प्रदान करता है। रुचिका की स्वास्थ्य समस्याओं ने उन्हें एक ऐसा प्लेटफॉर्म बनाने के लिए प्रेरित किया जो एक्सपर्ट सपोर्टेड फूड प्लानिंग, रीयल टाइम कोचिंग और आसान ट्रैकिंग प्रदान करता है।
फाल्गुनी नायर, नाइका की संस्थापक और सीईओ
फाल्गुनी नायर सौंदर्य केंद्रित खुदरा ब्रांड नाइका की संस्थापक और सीईओ हैं। नायर का कारोबार आज, भारत के अग्रणी सौंदर्य खुदरा विक्रेताओं में से एक के रूप में उभरा है जो भारत में सौंदर्य बाजार को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।